तिब्बत: तिब्बत में रात करीब 8:03 बजे भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (NCS) के मुताबिक, भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 7.0 दर्ज की गई। इसका केंद्र जमीन के नीचे 173 किलोमीटर की गहराई में बताया गया है। भूकंप की तीव्रता को देखते हुए क्षेत्र में हलचल बढ़ गई है। इससे पहले भी तिब्बत में भूकंप के झटके दर्ज किए जा चुके हैं।
तिब्बत में रात 8:03 बजे आया भूकंप
राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, तिब्बत में रात करीब 8:03 बजे भूकंप आया। इसकी तीव्रता 7.0 मापी गई और केंद्र जमीन के अंदर 173 किलोमीटर की गहराई में था।भूकंप की तीव्रता और गहराई के आधार पर इसके प्रभाव का आंकलन किया जाता है।
पिछले महीने भी तिब्बत में आया था भूकंप
तिब्बत में इससे पहले 3 सितंबर को भी भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। उस समय भूकंप की तीव्रता 5.0 दर्ज की गई थी। भूकंप दोपहर करीब 1:46 बजे आया था और इसका केंद्र जमीन से लगभग 14 किलोमीटर की गहराई में बताया गया था।लगातार भूकंपीय गतिविधियों के कारण यह क्षेत्र एक बार फिर चर्चा में है।
पहले भी तबाही झेल चुका है तिब्बत
तिब्बत पहले भी प्राकृतिक आपदाओं का सामना कर चुका है। जनवरी 2025 में आए भीषण भूकंप में 120 से अधिक लोगों की मौत हुई थी, जबकि सैकड़ों लोग घायल हुए थे।उस समय चीन भूकंप नेटवर्क केंद्र (CENC) ने भूकंप की तीव्रता 6.8 दर्ज की थी।
क्यों आते हैं भूकंप के झटके?
धरती की बाहरी परत कई टेक्टोनिक प्लेटों से बनी है। ये प्लेटें लगातार गति करती रहती हैं। जब इनके बीच टकराव होता है या ये एक-दूसरे के सापेक्ष खिसकती हैं, तो चट्टानों में तनाव जमा होने लगता है।जब यह तनाव अचानक मुक्त होता है, तो ऊर्जा भूकंपीय तरंगों के रूप में फैलती है। इसी वजह से धरती की सतह पर कंपन महसूस होता है, जिसे हम भूकंप कहते हैं।भूकंप का प्रभाव उसकी तीव्रता, गहराई, केंद्र से दूरी और स्थानीय जमीन की प्रकृति जैसे कारकों पर निर्भर करता है।