पन्ना- मध्यप्रदेश में हीरों की नगरी के नाम से विश्वविख्यात पन्ना नगर में हीरों की तीन दिवसीय नीलामी आयोजित की जा रही है।सयुंक्त कलेक्ट्रेट परिसर में मंगलवार 18 अक्टूबर की सुबह 9 बजे बेशकीमती हीरों को खरीदने के लिए देश बड़े बड़े राज्यों से व्यापारी पहुँच रहे हैं। औऱ इस बार की निलंक इतिहास रचने इसलिए जा रही है।कि अबतक की नीलामियों में से सबसे ज्यादा 355 कैरेट के 204 नग हीरे नीलामी में रखे जा रहे हैं। जिनकी अनुमानित कीमत 4 करोड़ 9 लाख 29 हजार 693 रुपए आंकी गई है।
पन्ना जिले में सदियों से हीरे मिलते रहे हैं
जानकारी के अनुसार पन्ना जिले में सदियों से हीरे मिलते रहे हैं।और यहां रातोंरात गरीबों के लखपति व करोड़ पति बनने की सैकड़ो कहानियां हैं।और आजादी के बाद प्रशासनिक व्यवस्था लागू होने के बाद पन्ना की रत्नगर्भा धरती से मिलने वाले हीरो को जमा करने के लिए यहां एशिया महाद्वीप के एकलौता हीरा कार्यालय बनवाया गया था।जहां पर उथली हीरा खदानों से मिलने वाले हीरे जमा करवाए जाते रहे हैं।औऱ समय समय नीलामी का आयोजन भी किया जाता रहा है।
जो प्रक्रिया आज भी चल रही है।लेकिन कभी ऐसा नही हुआ कि एक साथ 355 कैरेट के 204 नग हीरे रखे गए हो।ऐसा पहली होने जा रहा है।और 18 अक्टूबर मंगलवार से तीन दिवसीय हीरा नीलामी इतिहास बनाने जा रही है।इन हीरो की अनुमानित कीमत लगभग 4 करोड़ 9 लाख 29 हजार 693 रुपए आंकी गई है।इस हीरों को खरीदने के लिए देश के महाराष्ट्र,गुजरात,राजस्थान,उप्र मध्यप्रदेश,के कई जिलों से व्यापारी हीरा खरीदने पन्ना पहुँच रहे हैं।
नीलामी के पहले जमा हुए 17 कैरेट के चार हीरे
हीरा कार्यालय पन्ना में बीते दो हफ्ते लगातार हर रोज हीरे जमा हो रहे हैं। और नीलामी के पहले सोमवार की चार बड़े हीरे जमा हुए हैं।जो 8,5,और 3 कैरेट बजन के है।यह तीनो हीरे पन्ना नगर के नंदकिशोर जड़िया के द्वारा जमा करवाए गए हैं।जिन्हें क्रष्ण कल्याणपुर की उथली हीरा खदान से मिले हैं। वहीं नीलामी में सबसे बड़ा 11.08 कैरेट का बेशकीमती हीरा आकर्षण का केंद्र रहेगा।इसके बाद करीब एक दर्जन हीरे भी बड़ी साइज में है।
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