मप्र में 20 हजार किमी लंबी सड़कों पर पीडब्ल्यूडी काम कर रहा है। अगले 100 दिन में 2000 किमी सड़कें बनाकर आम लोगों के लिए खोल दी जाएंगी। पांच साल में एक लाख किमी सड़कें बनाने का टारगेट है। इनमें 547 रेलवे ओवरब्रिज और फ्लाईओवर भी बनाए जा रहे हैं। यह जानकारी शुक्रवार को लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को दी गई।
मॉनिटरिंग सेल बनाई जाए
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि अब 50 करोड़ रुपए से ज्यादा बजट वाले निर्माण कार्य के लिए मॉनिटरिंग सेल बनाई जाए, ताकि गड़बड़ी की आशंका न रहे। प्रेजेंटेशन प्रमुख सचिव लोक निर्माण सुखवीर सिंह ने दिया। बैठक में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि एनएचआई जैसी निर्माण एजेंसी से प्रेरणा लेकर रेवेन्यू जेनरेशन मॉडल पर काम करने की प्लानिंग तैयार करें।
शहरों की सुंदरता का ध्यान रखें
वहीं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सड़कों के निर्माण की योजना बनाते हुए शहरों की सुंदरता का ध्यान रखें। जन आकांक्षाओं के अनुरूप और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से चर्चा कर सड़क निर्माण की योजना बनाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि दो स्थानों के बीच दूरी और यात्रा का समय कम हो, इन मुख्य बिन्दुओं को ध्यान में रखकर नए वैकल्पिक मार्ग की तलाश करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम लिमिटेड के संचालक मंडल निगम द्वारा किए गए कार्यों का प्रेजेंटेशन दिया। संचालक मंडल के प्रस्तावों पर चर्चा के बाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्वीकृति के साथ आवश्यक निर्देश दिए।
ये अधिकारी उपस्थित रहे
बैठक में लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह, मुख्य सचिव श्रीमती वीरा राणा, प्रमुख सचिव लोक निर्माण श्री सुखवीर सिंह, संचालक मंडल के सदस्य, प्रबंध संचालक एमपीआरडीसी श्री अविनाश लवानिया सहित संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
Comments (0)