उज्जैन, महाकाल मंदिर के पुजारियों ने भगवान महाकाल के मुखारविंदों का पेटेंट कराने की मांग की है। कुछ लोग मुखारविंदों की नकली प्रतियां बनाकर घर-घर पूजा के नाम पर दिखा रहे हैं। पुजारियों का कहना है कि यह धार्मिक परंपरा और भक्तों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ है। इसलिए उन्होंने मंदिर प्रशासन से पेटेंट कराने और धोखाधड़ी के मामले दर्ज करने को कहा है। यह मामला तब सामने आया जब वृंदावन से कुछ लोग बांके बिहारी की मूर्ति लेकर उज्जैन आए।महाकाल मंदिर के पुजारियों ने भगवान के मुखारविंद की प्रतिमाओं के दुरूपयोग पर चिंता जताई है। कुछ लोग इन प्रतिमाओं की नकली प्रतियां बनाकर उन्हें पधरावनी के नाम पर घर-घर ले जा रहे हैं। पधरावनी का मतलब है देवता को घर पर आमंत्रित करके पूजा करना।
उज्जैन के महाकाल मंदिर के पुजारियों ने भगवान महाकाल के मुखारविंदों की प्रतिकृतियों के दुरुपयोग पर चिंता जताई।
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