उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में कांवड़ मार्गों पर खाने-पीने की दुकानों पर नेमप्लेट वाला नियम अब पूरे राज्य में लागू होगा। सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ ने पूरे प्रदेश में कांवड़ मार्गों पर खाने-पीने की दुकानों के मालिकों को नेमप्लेट लगाने का आदेश जारी किया है।
ये कहा गया है यूपी सरकार के जारी आदेश में
आपको बता दें कि, यूपी सरकार के जारी आदेश में कहा गया है कि, कांवड़ मार्गों पर खाद्य सामग्री बेचने वाले दुकानों पर संचालक मालिक का नाम और पहचान लिखना होगा। कांवड़ यात्रियों की आस्था की शुचिता बनाए रखने के लिए ये फैसला लिया गया है। वहीं आगे आदेश में हलाल सर्टिफिकेशन वाले प्रोडक्ट बेचने वालों पर भी कार्रवाई की बात कही गई है। लेकिन सियासी गलियारों में यूपी प्रशासन के इस फैसले पर एनडीए के सहयोगियों ने दो टूक बात की है। वही इस फैसले पर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है। इसी क्रम में महबूबा मुफ्ती ने योगी सरकार के इस फैसले की आलोचना की है।
भाजपा संविधान का उल्लंघन कर रही हैं
उत्तर प्रदेश में कांवड़ मार्ग पर खाद्य पदार्थों की दुकानों पर लगी 'नेमप्लेट' पर PDP प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि, हमारा संविधान समान अधिकार देता है और किसी के साथ भेदभाव नहीं करना। वे(भाजपा) संविधान का उल्लंघन कर रहे हैं। मुफ्ती ने कहा है कि, राहुल गांधी ने सही कहा कि, अगर वे 400 (लोकसभा चुनाव में सीटें) पार कर गए तो वे संविधान को नष्ट कर देंगे। मुझे लगता है कि, इस चुनाव में उन्हें वोट देने वाले लोगों को यह संकेत मिल गया होगा कि, वे किसी भी कीमत पर संविधान को नष्ट करना चाहते हैं। वे मुसलमानों, दलितों के अधिकारों को खत्म करना चाहते हैं।
विपक्ष लोगों को गुमराह कर रहा है
वहीं उत्तर प्रदेश में कांवड़ मार्गों पर खाद्य पदार्थों की दुकानों पर 'नेमप्लेट' लगाने के निर्देश पर पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने कहा कि, विपक्ष लोगों को गुमराह कर रहा है। अखिलेश यादव की सरकार में भी ऐसी अधिसूचना जारी की गई थी और भाजपा की सरकार में भी अधिसूचना निकाली गई है और सिर्फ कावंड़ ही नहीं बल्कि हमेशा आपको नाम लिखकर रखना होगा, यह तो अधिनियम में भी कहा गया है और अगर नाम में कोई धर्म खोज रहा है तो वह हमारा विपक्ष खोज रहा है।
Comments (0)