New Delhi | भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर ने तीनों फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ने का फैसला किया है। उन्होंने टेस्ट, वनडे और टी20 इंटरनेशनल में टीम की कप्तानी से इस्तीफा देने की जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दी। हरमनप्रीत ने अपने इंस्टाग्राम पोस्ट में कहा कि यह फैसला उनके लिए आसान नहीं था, क्योंकि कप्तानी के सफर से उनके जीवन की कई यादें, भावनाएं और त्याग जुड़े हैं।
BCCI की रिव्यू मीटिंग के बाद आया फैसला
हरमनप्रीत कौर का यह फैसला BCCI के साथ हुई रिव्यू मीटिंग के बाद सामने आया। गुवाहाटी में हुई इस बैठक की अध्यक्षता BCCI के सचिव देवजीत सैकिया ने की। बैठक में भारतीय महिला टीम की ओर से हरमनप्रीत कौर, स्मृति मंधाना और मुख्य कोच अमोल मजूमदार शामिल हुए। रिव्यू मीटिंग में टीम के प्रदर्शन और आगे की रणनीति से जुड़े पहलुओं पर चर्चा हुई। इसके बाद हरमनप्रीत ने तीनों फॉर्मेट की कप्तानी से हटने का फैसला सार्वजनिक किया।
‘कप्तानी छोड़ने का फैसला आसान नहीं था’
हरमनप्रीत ने अपने इंस्टाग्राम संदेश में कहा कि भारतीय महिला टीम की कप्तानी उनके लिए सिर्फ एक जिम्मेदारी नहीं थी, बल्कि उनके क्रिकेट करियर और जीवन का बेहद महत्वपूर्ण हिस्सा रही है। उन्होंने लिखा कि इस फैसले के साथ उनके जीवन की कई यादें, भावनाएं और त्याग जुड़े हुए हैं। उन्होंने भारतीय महिला क्रिकेट टीम के लिए अपना सबकुछ देने की बात कही और कहा कि टीम हमेशा उनके लिए सबसे आगे रही।
टीम के लिए लेने पड़े मुश्किल फैसले
हरमनप्रीत ने अपने कप्तानी के सफर को याद करते हुए कहा कि एक कप्तान के तौर पर उन्हें टीम को बेहतर बनाने के लिए कई मुश्किल फैसले लेने पड़े। उनके मुताबिक, इन फैसलों का उद्देश्य हमेशा भारतीय महिला क्रिकेट टीम को आगे ले जाना रहा। उन्होंने यह भी कहा कि टीम के हित को उन्होंने व्यक्तिगत प्राथमिकताओं से ऊपर रखा और कप्तान के तौर पर अपनी जिम्मेदारी पूरी करने की कोशिश की।
‘अब इस किताब का पन्ना पलटने का समय’
हरमनप्रीत कौर ने अपने संदेश में कहा कि उन्हें लगता है कि अब भारतीय टीम एक बेहतर स्थिति में है। इसी वजह से उन्हें लगता है कि बतौर कप्तान उनकी जिम्मेदारी पूरी हो चुकी है और अब आगे बढ़ने का समय है उन्होंने अपने कप्तानी के सफर को एक किताब के अध्याय से जोड़ते हुए कहा कि अब इस पन्ने को पलटने का समय है।
कप्तानी छोड़ी, टीम के लिए प्यार नहीं
हरमनप्रीत ने स्पष्ट किया कि कप्तानी छोड़ने का मतलब भारतीय क्रिकेट टीम से उनका जुड़ाव खत्म होना नहीं है। उन्होंने कहा कि कप्तानी की जिम्मेदारी भले ही अब उनके पास नहीं रहेगी, लेकिन भारतीय क्रिकेट टीम के लिए उनका प्यार और समर्थन हमेशा जारी रहेगा।
2026 में भी टीम की कप्तान थीं हरमनप्रीत
BCCI ने 2026 के दौरान कई मौकों पर हरमनप्रीत कौर को भारतीय महिला टीम की कप्तान घोषित किया था। जून 2026 में घोषित एशियन गेम्स टीम में भी हरमनप्रीत को कप्तान और स्मृति मंधाना को उपकप्तान बनाया गया था। इसी तरह BCCI की 2026 की महिला टीम से जुड़ी घोषणाओं में हरमनप्रीत को कप्तान के तौर पर दर्ज किया गया था। अब उनके तीनों फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ने के बाद भारतीय महिला क्रिकेट टीम के नेतृत्व को लेकर अगला फैसला BCCI और चयन समिति की ओर से किया जाएगा।