लखनऊ | उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 23 और 24 अक्टूबर को ‘साधना श्रृंखला-2026’ के तहत दो दिवसीय क्षेत्रीय कार्यशाला आयोजित की जाएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कार्यशाला का उद्घाटन करेंगे। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह भी कार्यक्रम में शामिल होंगे। कार्यशाला में प्रशासनिक क्षमता निर्माण, सरकारी प्रशिक्षण संस्थानों के आधुनिकीकरण और प्रशिक्षण व्यवस्था में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल पर चर्चा होगी।
आठ राज्यों और चार केंद्रशासित प्रदेशों के प्रतिनिधि होंगे शामिल
कार्यशाला में आठ राज्यों और चार केंद्रशासित प्रदेशों के प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे। इसका उद्देश्य सरकारी प्रशिक्षण संस्थानों को आधुनिक, प्रभावी और तकनीक-सक्षम बनाना है। कार्यक्रम के दौरान संस्थागत नेतृत्व, संकाय की दक्षता और डिजिटल परिवर्तन जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
मिशन कर्मयोगी के तहत प्रशासनिक क्षमता निर्माण पर जोर
‘मिशन कर्मयोगी’ के तहत आयोजित इस पहल में सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रशिक्षण को अधिक प्रभावी बनाने पर मंथन होगा। कार्यशाला में प्रशिक्षण की गुणवत्ता सुधारने, संस्थानों की क्षमता बढ़ाने और नई तकनीकों को प्रशिक्षण प्रक्रिया में शामिल करने के तरीकों पर चर्चा की जाएगी।
प्रशिक्षण में AI के इस्तेमाल पर होगी चर्चा
कार्यशाला का एक प्रमुख विषय सरकारी प्रशिक्षण में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग होगा। इसके जरिए प्रशिक्षण की जरूरतों को बेहतर ढंग से समझने, सीखने की प्रक्रिया को आधुनिक बनाने और संस्थानों की कार्यक्षमता बढ़ाने की संभावनाओं पर विचार किया जाएगा।
UNNATI पोर्टल से 700 से अधिक संस्थानों को जोड़ने की पहल
कार्यशाला में UNNATI पोर्टल के माध्यम से 700 से अधिक प्रशिक्षण संस्थानों को जोड़ने की पहल पर भी जोर रहेगा। इसका उद्देश्य संस्थानों के बीच समन्वय बढ़ाना और प्रशिक्षण व्यवस्था में सुधार को गति देना है। कार्यशाला से निकलने वाले निष्कर्ष राष्ट्रीय स्तर पर प्रशिक्षण सुधारों के ढांचे को दिशा देने में मदद कर सकते हैं।