कोलकाता: नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव को लेकर पश्चिम बंगाल प्रदेश कांग्रेस ने गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने दोनों सीटों पर चुनाव रद्द कर दोबारा मतदान कराने की मांग की है। उन्होंने चुनाव आयोग के समक्ष लिखित शिकायत दर्ज कराने की बात कही है।
पुलिस के इस्तेमाल और वोट लूट का आरोप
बुधवार को विधान भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में शुभंकर सरकार ने राज्य सरकार और सत्तारूढ़ दल पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि नंदीग्राम और रेजीनगर में पुलिस प्रशासन का इस्तेमाल कर वोट लूटने की कोशिश की गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों के साथ-साथ आम मतदाताओं को भी डराने-धमकाने का आरोप लगाया गया है।
EVM प्रभावित करने की कोशिश का भी आरोप
शुभंकर सरकार ने दावा किया कि दोनों विधानसभा क्षेत्रों में कुछ जगहों पर EVM को प्रभावित करने की कोशिश की गई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि केंद्रीय बलों के बजाय राज्य पुलिस के जरिए मतदान प्रक्रिया को प्रभावित किया गया और इसका फायदा सत्तारूढ़ दल को मिला।
मिलन प्रधान ने लगाया बूथ में रोकने का आरोप
वोटिंग के दौरान नंदीग्राम से कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान ने भी कई आरोप लगाए थे। उनका दावा था कि उन्हें बूथ में प्रवेश करने से रोका गया। उन्होंने पुलिस पर लाठीचार्ज करने और मतदाताओं को डराने का भी आरोप लगाया था।
रेजीनगर में भी डराने-धमकाने का आरोप
वहीं, रेजीनगर में भी कांग्रेस समेत विपक्षी दलों ने मतदाताओं को डराने-धमकाने के आरोप लगाए। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि मतदान के दौरान पुलिस और सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ताओं की भूमिका को लेकर कई सवाल खड़े हुए हैं।
अधीर रंजन चौधरी भी हुए हमलावर
पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अधीर रंजन चौधरी ने भी नंदीग्राम और रेजीनगर में मतदाताओं को डराने का आरोप लगाया। अधीर ने दावा किया कि मतदान से पहले रातभर दोनों क्षेत्रों में उपद्रव की घटनाएं हुईं और मतदाताओं पर दबाव बनाने की कोशिश की गई।
चुनाव आयोग से दोबारा मतदान की मांग
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में दोनों विधानसभा क्षेत्रों में निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से दोबारा मतदान कराया जाना चाहिए। कांग्रेस की ओर से राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी और चुनाव आयोग के समक्ष लिखित शिकायत दर्ज कराने की बात कही गई है।
क्या चाहती है कांग्रेस?
कांग्रेस ने नंदीग्राम और रेजीनगर के उपचुनाव को रद्द कर दोबारा मतदान कराने की मांग की है। पार्टी का कहना है कि चुनाव आयोग पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करे और मतदाताओं के लोकतांत्रिक अधिकारों को सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए।