कोलकाता: पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की सरकार बनने के बाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन अपने पहले दो दिवसीय दौरे पर कोलकाता पहुंचे। अपने इस दौरे के दौरान उन्होंने पार्टी के शीर्ष नेताओं, सांसदों, विधायकों और जिला पदाधिकारियों के साथ कई महत्वपूर्ण सांगठनिक बैठकें कीं।नितिन नबीन ने बैठक के दौरान सरकार और संगठन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनप्रतिनिधियों (विधायकों-सांसदों) और सांगठनिक नेतृत्व के बीच किसी भी तरह के मतभेद या समन्वय की कमी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
‘सुभाष चंद्र बोस कार्यालय’ में बैठना अनिवार्य, फोटो खिंचाने से पहले जांचें बैकग्राउंड
पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने विधायकों और सांसदों के लिए दिशानिर्देशों की एक सूची जारी की है। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी विधायकों को अपने-अपने विधायक कार्यालय (सुभाष चंद्र बोस कार्यालय) में नियमित रूप से समय देना होगा। प्रतिदिन कितने आम नागरिक और पार्टी कार्यकर्ता मिलने आ रहे हैं, इसका सटीक हिसाब रखना अनिवार्य कर दिया गया है।इसके साथ ही, नितिन नबीन ने सख्त चेतावनी दी कि जनप्रतिनिधि किसी भी व्यक्ति के साथ तस्वीर खिंचवाने से पहले उसका बैकग्राउंड जरूर जांच लें। यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि सामने वाला व्यक्ति किसी आपराधिक या असामाजिक गतिविधि में शामिल न हो।
निकाय चुनाव के टिकट और घुसपैठियों (बेनोजोल) पर कड़ा रुख
बैठक के दौरान आगामी उपचुनावों और नगर निगम (पुरसभा) चुनावों को लेकर संगठन को पूरी तरह सक्रिय करने का संदेश दिया गया। नितिन नबीन ने साफ किया कि निकाय चुनाव में किसे टिकट मिलेगा, इसका अंतिम फैसला पूरी तरह से पार्टी करेगी।यदि कोई व्यक्ति टिकट दिलाने का झांसा देकर प्रभाव डालने की कोशिश करता है, तो उससे विवाद में उलझने के बजाय दूर रहने की सलाह दी गई है। इसके अलावा, पार्टी के अंदर असामाजिक तत्वों या घुसपैठियों (बेनोजोल) को रोकने और हर स्तर पर अनुशासन बनाए रखने पर जोर दिया गया है। पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल लोगों को तुरंत बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा।

पूजा समितियों में जबरन पद लेने पर रोक, जनसंपर्क पर रहेगा ध्यान
दुर्गा पूजा और आगामी त्योहारों को देखते हुए नितिन नबीन ने जनप्रतिनिधियों को निर्देश दिया कि वे किसी भी पूजा समिति के अध्यक्ष या संरक्षक पद पर जबरन कब्जा करने की कोशिश न करें। यदि कोई समिति खुद से उन्हें कोई पद प्रदान करती है, तभी उसे स्वीकार किया जा सकता है हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि त्योहारों और विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से आम जनता के साथ मजबूत जनसंपर्क बनाए रखना अनिवार्य है।
सरकार और संगठन एक-दूसरे के पूरक: बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष
नितिन नवीन की इस अहम बैठक में राज्य के पदाधिकारी, विभिन्न विभागों के संयोजक, मोर्चा अध्यक्ष, सांसद, जिला प्रभारी, जिला अध्यक्ष और आईटी व मीडिया सेल के संयोजक शामिल हुए।बैठक का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि सरकार और संगठन अलग-अलग इकाइयों के रूप में नहीं, बल्कि एक-दूसरे के पूरक बनकर काम करें। इससे सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों का संदेश आम जनता तक ज्यादा प्रभावी ढंग से पहुंच सकेगा।