बहरामपुर/रेजीनगर : पश्चिम बंगाल की रेजीनगर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के बीच राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। आम जनता उन्नयन पार्टी के अध्यक्ष और नौदा से विधायक हुमायूं कबीर ने पुलिसिया कार्रवाई और अपने कार्यकर्ताओं की कथित प्रताड़ना के विरोध में जमीन पर उतरकर चुनाव प्रचार न करने का ऐलान किया है। बहरामपुर थाने में एक मामले में हाजिरी देने के बाद कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर हुमायूं कबीर ने अब सड़क के बजाय सोशल मीडिया (डिजिटल प्लेटफॉर्म) के जरिए अपने पुत्र और पार्टी प्रत्याशी गुलाम नबी आजाद (रबिन) के लिए चुनाव प्रचार शुरू कर दिया है।
कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के विरोध में सोशल मीडिया पर संभाला मोर्चा
हुमायूं कबीर ने आरोप लगाया कि रेजीनगर उपचुनाव में उनकी पार्टी के प्रत्याशी के समर्थन में प्रचार करने उतरते ही पुलिस कार्यकर्ताओं को चुन-चुनकर गिरफ्तार और परेशान कर रही है।इसी वजह से उन्होंने फैसला लिया है कि वह अब जमीनी रैलियों के बजाय सोशल मीडिया के जरिए जनता से वोट की अपील करेंगे। उन्होंने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर लिखा कि क्षेत्र के समग्र विकास, आम जनता के अधिकारों की रक्षा और सुख-दुख में साथ खड़े रहने के संकल्प के साथ उनकी पार्टी मैदान में है। हुमायूं कबीर ने कहा कि वह 4 अक्टूबर तक रोजाना एक से दो वीडियो संदेश और लिखित वक्तव्य जारी करेंगे और अगर चुनाव आयोग की रोक नहीं रही, तो 5 अक्टूबर को भी यह प्रचार जारी रहेगा।

चुनाव आयोग पर भड़के हुमायूं कबीर, ऐन वक्त पर प्रतीक चिन्ह बदलने का आरोप
सोशल मीडिया पर प्रचार की शुरुआत करने के साथ ही हुमायूं कबीर ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए।
- प्रतीक चिन्ह का विवाद: हुमायूं कबीर के अनुसार, उनके बेटे रबिन ने 9 सितंबर को फॉर्म 'ए' और 'बी' के साथ 'बांसुरी' (Whistle) चुनाव चिन्ह की मांग करते हुए नामांकन पत्र जमा किया था। उस समय चुनाव आयोग ने कोई आपत्ति दर्ज नहीं कराई थी।
- अचानक निरस्त्रीकरण: उन्होंने आरोप लगाया कि लाखों रुपये के बैनर, पोस्टर और पर्चे छपवाने के बाद चुनाव आयोग ने अचानक उनका चुनावी प्रतीक रद्द कर दिया। इसके चलते अब उन्हें नए सिरे से मतदाताओं के बीच नए चुनाव चिन्ह को पहुंचाना पड़ रहा है।
पार्टी के तीन और नेता गिरफ्तार, प्रत्याशी रबिन ने भी प्रचार रोकने के दिए संकेत
रेजीनगर में पुलिसिया कार्रवाई थमने का नाम नहीं ले रही है। सोमवार रात को ही आम जनता उन्नयन पार्टी के तीन और नेताओं को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।गिरफ्तार नेता: पार्टी के युवा प्रकोष्ठ के संयोजक सुहैल मंडल, गोपालपुर से ब्लॉक नेता अनीसुर रहमान और शक्तिपुर थाने द्वारा एक पुराने मामले में कफारुल शेख को गिरफ्तार किया गया है।
प्रत्याशी रबिन का बयान: पार्टी प्रत्याशी गुलाम नबी आजाद (रबिन) ने कहा कि वे जब भी आम जनता से हाथ मिलाने निकलते हैं, पुलिस आकर तस्वीरें खींचती है और साथ चल रहे कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लेती है। उन्होंने कहा कि अगर प्रचार में उतरने पर गिरफ्तारियां होंगी, तो मैदान में रहना संभव नहीं है। रबिन भी अब मैदानी प्रचार को रोकने के अपने फैसले पर पुनर्विचार कर रहे हैं। हालांकि, हुमायूं कबीर ने अपने बेटे के प्रचार करने या न करने का अंतिम फैसला खुद प्रत्याशी पर ही छोड़ दिया है।