एमपी के अधिकांश जिलों में दिसंबर महीने में मावठा गिरने से किसानों को अच्छा लाभ हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार, जनवरी-फरवरी और मार्च में भी बारिश होने की संभावना है। इससे रबी की फसल को फायदा होगा।
दिसंबर में तीव्र आवृत्ति वाले पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से उत्तर भारत के पहाड़ों में बर्फबारी हुई है। वहीं, मैदानी इलाकों बरसात ही हुई।
उन्होंने कहा, ‘पश्चिमी विक्षोभ के उत्तर भारत पहुंचने का सिलसिला जारी है। इसके आधार पर मौसम विभाग ने अगले तीन महीने तक मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र में बारिश की भविष्यवाणी की है।’
एमपी के अधिकांश जिलों में दिसंबर महीने में मावठा गिरने से किसानों को अच्छा लाभ हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार, जनवरी-फरवरी और मार्च में भी बारिश होने की संभावना है। इससे रबी की फसल को फायदा होगा।