2000 Rupee Note : RBI के नोटबंदी ऐलान के बाद छातीसगढ़ में गरमा गई सियासत बीजेपी पर कांग्रेस के कसा तंज....20 मई 2023। RBI ने 2016 के नोटबंदी के बाद जारी 2000 रुपये के नोट को वापस लेने का ऐलान किया है. हालांकि बाजार में मौजूद 2000 नोट फिलहाल चलन में रहेंगे। भारतीय रिजर्व बैंक ने बैंकों को सलाह दी है कि वे तत्काल प्रभाव से 2000 रुपये के नोट जारी करना बंद कर दें. आरबीआई ने कहा कि 30 सितंबर तक ये नोट सर्कुलेशन बने रहेंगे।
1946 की नोटबंदी
देश में पहली नोटबंदी अंग्रजी हुकूमत में हुई. 12 जनवरी, 1946 को भारत के वायसराय और गवर्नर जनरल, सर आर्चीबाल्ड वेवेल ने उच्च मूल्य वाले . बैंक नोट बंद करने का अध्यादेश प्रस्तावित किया. इसके साथ ही 26 जनवरी रात 12 बजे के बाद से 500 रुपये, 1,000 रुपये और 10,000 रुपये के उच्च मूल्यवर्ग के बैंक नोट अमान्य हो गए.
1978 की दूसरी नोटबंदी
16 जनवरी 1978 को, जनता पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार ने काले धन को खत्म करने के लिए 1,000 रुपये, 5,000 रुपये और 10,000 रुपये के नोटों को बंद कर दिया था. अपने इस कदम के तहत, सरकार ने घोषणा की थी कि उस दिन बैंकिंग घंटों के बाद 1,000 रुपये, 5,000 रुपये और 10,000 रुपये के नोटों को लीगल टेंडर नहीं माना जाएगा. इसके अगले दिन 17 जनवरी को लेनदेन के लिए सभी बैंकों और उनकी शाखाओं के अलावा सरकारों के खजाने को बंद रखने का भी फैसला किया गया. उस समय देसाई सरकार में वित्त मंत्री एच.एम पटेल थे जबकि पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह वित्त सचिव थे.
मनेंद्रगढ़ विधायक विनय जायसवाल का बड़ा बयान
2 हजार रुपए के नोट बंद किए जाने के फैसले पर दिया बयान तुगलक से की पीएम नरेंद्र मोदी की तुलना तुगलक ने अपने शासन में बदली थी 4 बार करेंसीदेश की वही स्थिति मोदी सरकार में हो रही...
पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर का बयान
कांग्रेस पर कसा तंज नोटबंदी का सबसे ज्यादा प्रभाव छत्तीसगढ़ में पड़ेगा 2000 करोड रुपए को भेजने के लिए लंबी ट्रकों का इंतेजाम करना पड़ेगाजब बड़े नोट थे तब कांग्रेस का हवाला आसानी से हो जाता था अब हवाला करने में तकलीफ होगी
2000 Rupee Note 2000 की नोटबंदी पर राजनीति गरमायी.. मरकाम बोले- मोदी सरकार की असफलता का प्रमाण..https://ind24.tv/2000-rupee-note-politics-heats-up-on-demonetisation-markam-said-proof-of-modi-governments-failure/
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