भोपाल डेस्क। देश के तीन राज्यों में मौसम का अलग-अलग असर देखने को मिल रहा है। बिहार में गंडक नदी के उफान और तटबंध टूटने से कई जिलों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है, जबकि उत्तर प्रदेश में गंगा, सई समेत कई नदियों का जलस्तर बढ़ा हुआ है। दूसरी ओर राजस्थान में अक्टूबर की शुरुआत के बावजूद दिन के तापमान में तेजी बनी हुई है और कई इलाकों में पारा 40°C के पार पहुंच गया है।
बिहार में 255 गांव बाढ़ की चपेट में
बिहार में गंडक नदी के बढ़े जलस्तर ने कई इलाकों में मुश्किलें बढ़ा दी हैं। तटबंध टूटने और नदी के उफान के कारण सारण समेत कई जिलों में बाढ़ का पानी फैल गया है। 6 जिलों के करीब 255 गांव बाढ़ की चपेट में हैं, जबकि लगभग 4 लाख की आबादी प्रभावित हुई है। करीब 44 हजार लोग घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंच चुके हैं।गंडक के अलावा राज्य की अन्य प्रमुख नदियों के जलस्तर पर भी प्रशासन नजर बनाए हुए है। प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्य जारी हैं।
यूपी में नदियां अब भी उफान पर
उत्तरप्रदेश में शनिवार सुबह ज्यादातर इलाकों में धूप निकली हुई है। आज किसी जिले के लिए बारिश का अलर्ट जारी नहीं किया गया है, लेकिन कई नदियों का जलस्तर अब भी चिंता का कारण बना हुआ है।गंगा और सई समेत कई नदियों में पानी बढ़ा हुआ है।उन्नाव में गंगा का जलस्तर भी खतरे के निशान के करीब पहुंचा है। जलस्तर बढ़ने से करीब एक दर्जन गांवों में बाढ़ का खतरा बढ़ा है और कई जगह सड़क संपर्क प्रभावित हुआ है।
सई नदी का पानी गांवों तक पहुंचा
उन्नाव और आसपास के क्षेत्रों में सई नदी के बढ़े जलस्तर से खेतों और गांवों में पानी पहुंचने की स्थिति बनी हुई है।सई नदी का पानी कई गांवों के घरों तक पहुंचा और फसलों को भी नुकसान हुआ है।
राजस्थान में अक्टूबर में भी 40°C के पार गर्मी
राजस्थान में अक्टूबर की शुरुआत के बावजूद दिन के समय तेज गर्मी बनी हुई है। पश्चिमी जिलों में इसका ज्यादा असर देखने को मिल रहा है। पिलानी (झुंझुनूं) में शुक्रवार को सबसे अधिक तापमान दर्ज किया गया और कई इलाकों में पारा 40°C के पार पहुंच गया।हालांकि राजस्थान के पूर्वी हिस्सों में रात के तापमान में गिरावट शुरू हो गई है। सीकर, भीलवाड़ा, उदयपुर और नागौर में न्यूनतम तापमान 20°C से नीचे दर्ज होने से रात के समय ठंडक बढ़ी है।इस तरह राजस्थान में एक ही समय पर दिन में तेज गर्मी और रात में बढ़ती ठंडक का असर देखने को मिल रहा है।