


मध्यप्रदेश में एक बार फिर बारिश का दौर तेज होने जा रहा है। छत्तीसगढ़ के मध्य भाग में बना कम दबाव का क्षेत्र और मानसून द्रोणिका के सक्रिय होने से प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, वर्तमान में छत्तीसगढ़ के मध्य क्षेत्र में कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय है। साथ ही मानसून द्रोणिका श्रीगंगानगर, शिवपुरी, दमोह, छत्तीसगढ़ होते हुए बंगाल की खाड़ी तक विस्तृत है। इसके अलावा उत्तरी पाकिस्तान और पंजाब क्षेत्र में चक्रवात के रूप में पश्चिमी विक्षोभ भी सक्रिय है। इन सभी प्रणालियों के संयुक्त प्रभाव से प्रदेश में अच्छी बारिश की संभावना बनी हुई है।
गुरुवार को हुई बारिश का आंकड़ा
गुरुवार सुबह साढ़े आठ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक रायसेन में 45 मिमी, छिंदवाड़ा में 30 मिमी, भोपाल में 11 मिमी, मंडला में 7 मिमी, इंदौर में 5 मिमी, खजुराहो और उमरिया में 2-2 मिमी तथा दमोह में 1 मिमी बारिश दर्ज की गई।
इन संभागों में भारी बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने शुक्रवार के लिए इंदौर, नर्मदापुरम और जबलपुर संभाग के जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश की चेतावनी दी है। वहीं, अन्य क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है।
भोपाल, उज्जैन और निमाड़ में भी झमाझम के आसार
मौसम विभाग का अनुमान है कि शुक्रवार और शनिवार को भोपाल, उज्जैन तथा मालवा-निमाड़ अंचल में भी तेज बारिश हो सकती है। मौसम विशेषज्ञ अजय शुक्ला ने बताया कि प्रदेश में अगले तीन दिन तक रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
बीते 24 घंटों में कहां कितनी बारिश हुई
गुरुवार सुबह साढ़े आठ बजे तक बीते 24 घंटों के दौरान सिवनी में 75.4 मिमी, रतलाम में 56 मिमी, छिंदवाड़ा में 28 मिमी, शिवपुरी में 26 मिमी, उज्जैन में 16.6 मिमी, श्योपुर में 12.4 मिमी और खंडवा में 11 मिमी बारिश दर्ज की गई।