PESA rule: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि पेसा नियम (PESA rule) को जमीन पर उतारने की जवाबदारी पेसा समन्वयकों की है। सरकार और जनता के बीच पेसा समन्वयक सेतु का कार्य करें। अनुसूचित जनजाति के लोगों को पेसा नियम की जानकारी देकर जागरूक करने में किसी तरह की कोई कमी नहीं छोड़ी जाये। बता दें कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने निवास कार्यालय के समत्व भवन में पेसा नियम के क्रियान्वयन के लिए बनाये गये जिला और ब्लॉक समन्वयकों से चर्चा कर आवश्यक निर्देश दिए। इस बैठक में प्रदेश के विभिन्न जिलों के जिला और ब्लॉक समन्वयक मौजूद थे।
समाज की भलाई और कल्याण
सीएम शिवराज ने कहा कि आपके सहयोग से हम पेसा नियम को समाज की भलाई और कल्याण के लिए नीचे तक लागू करके रहेंगे। आपके द्वारा किए जा रहे नवाचारों से मुझे संतुष्टि महसूस हो रही है। उन्होंने आगे कहा कि ग्राम सभा में जनजातियों के अधिकार उन्हें भलीभांति समझाये जायें। ग्राम सभा के दायरे में आने वाले अधिकारों को आप ढंग से समझकर जनता को जानकारी दें। जनजातियों की गरीबी दूर कर उन्हें स्वाभिमान से जीवन जीने के लिए प्रेरित करें।
विकास का मिशन बनाया
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि जनजाति समाज में जागरूकता पैदा करने के लिए अभियान के रूप में कार्य करें। मैंने अपनी जिंदगी को गरीबों के कल्याण और विकास का मिशन बनाया है। आप भी अपनी जिंदगी को मिशन बनाकर कार्य करें। मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना बहनों की जिंदगी बदलने के लिए बनाई गई है। बैगा, भारिया, सहरिया जनजाति के परिवारों के पोषण स्तर में सुधार आया है। यह राज्य सरकार की महिलाओं को पोषण आहार अनुदान योजना से ही संभव हुआ है।
जिद, जुनून और जज्बे से कार्य करें
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रशासनिक अमले के साथ आप लोग जिद, जुनून और जज्बे से कार्य करें। मनोबल अच्छा रखकर अपने कार्य में जुटे रहें। राज्य सरकार द्वारा शिक्षा का स्तर बढ़ाने के लिए अनेक सुविधायें प्रदान की जा रही है। बच्चों को नि:शुल्क साइकिल, पुस्तकें, गणवेश, छात्रवृत्ति और छात्रावास आदि की सुविधायें दी जा रही हैं। राज्य सरकार द्वारा प्रदेश के विकास के लिए कई कार्य किए गए हैं।
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