वाशिंगटन. अमेरिकी सांसद जोश गॉटहाइमर ने भारतीय पायलट स्मित मच्छार के सम्मान में अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में प्रस्ताव पेश किया है। इसमें फ्लाईदुबई की उड़ान 1073 में सवार सभी यात्रियों की जान बचाने के लिए मच्छार के साहस की सराहना की गई है। न्यू जर्सी से डेमोक्रेट सांसद गॉटहाइमर ने पेश किए प्रस्ताव में विमान में मौजूद ड्यूटी से बाहर के पायलटों केबिन क्रू और यात्रियों के साहसिक कदमों की भी तारीफ की। प्रस्ताव में फ्लाईदुबई उड़ान पर हुए हमले को आतंकवादी घटना और अंतरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन की सुरक्षा पर हमला बताया गया है। स्मित मच्छार की बहादुरी को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता मिलना भारत के लिए गर्व का विषय है।
जांच की मांग और सहयोग
प्रस्ताव में सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात की सरकारों से इस मामले की पूरी और तेजी से जांच करने की मांग की गई है। साथ ही अमेरिका और इजरायल को जांच से जुड़ी पूरी जानकारी देने की बात कही गई है। स्मित मच्छार ने इजरायल जा रही इस उड़ान को दुर्घटनाग्रस्त करने की कोशिश को नाकाम किया था। बुधवार को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान FZ-1073 के कॉकपिट में को-पायलट ने उन पर हमला किया था। हमले में मच्छार गंभीर रूप से घायल हो गए थे। ओमान के नागरिक हमाम अल-हमामी की पहचान सह-पायलट के तौर पर हुई है। उस पर मच्छार पर हमला करने और विमान का नियंत्रण अपने हाथ में लेने की कोशिश का आरोप है।
घायल अवस्था में दिखाया अदम्य साहस
अल-हमामी को इससे पहले उसकी कट्टरपंथी विचारधारा को लेकर चिंता के कारण ओमान में विमान उड़ाने से रोक दिया गया था। हालांकि हमले की असली वजह अभी साफ नहीं है। उसने कॉकपिट में आपात स्थिति में इस्तेमाल होने वाली क्रैश एक्स से मच्छार पर हमला किया। इस हमले में मच्छार गंभीर रूप से घायल होकर कॉकपिट के फर्श पर गिर गए। इसी दौरान उन्हें पता चला कि विमान तेजी से नीचे जा रहा है। घायल होने के बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया जिससे यात्रियों को हमलावर पर काबू पाने का मौका मिला। विमान में 174 यात्री सवार थे। उड़ान ने आपात संकेत भेजे और 34 हजार फीट की ऊंचाई से 17 हजार फीट से ज्यादा नीचे आ गई।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रशंसा
स्मित मच्छार की बहादुरी की चर्चा दुनियाभर में हो रही है। अमेरिकी संसद में प्रस्ताव पेश होना उनके साहस को वैश्विक मान्यता दिलाने वाला कदम है। प्रस्ताव में केबिन क्रू और यात्रियों के सहयोग की भी सराहना की गई है। इस घटना ने नागरिक उड्डयन सुरक्षा के मुद्दे को फिर से केंद्र में ला दिया है। जांच एजेंसियां पूरे मामले की पड़ताल कर रही हैं। मच्छार के जल्द स्वस्थ होने की कामनाएं की जा रही हैं।
भारत के लिए गर्व का पल
भारतीय पायलट के इस कारनामे ने देश का मान बढ़ाया है। अमेरिकी सांसद द्वारा प्रस्ताव पेश करना द्विपक्षीय संबंधों और साझा मूल्यों को भी रेखांकित करता है। फ्लाईदुबई घटना में दिखाया गया साहस अंतरराष्ट्रीय समुदाय के लिए मिसाल बन गया है। प्रस्ताव में जांच में पारदर्शिता और सहयोग की मांग की गई है। स्मित मच्छार की कहानी अब वैश्विक स्तर पर प्रेरणा का स्रोत बन रही है।