मध्य प्रदेश: उज्जैन में सड़क चौड़ीकरण को लेकर व्यापारियों और रहवासियों का विरोध तेज हो गया है। महाकाल चौराहा से गुदरी होते हुए गोपाल मंदिर तक प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण योजना के विरोध में व्यापारी रहवासी महासंघ ने 12 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन बाजार बंद रखने का ऐलान किया है। व्यापारियों का आरोप है कि प्रशासन ने रविवार देर रात करीब 1 बजे बिना पूर्व सूचना के प्रभावित भवनों पर सड़क चौड़ीकरण के लिए मार्किंग कर दी।
रात में मार्किंग से नाराज हुए व्यापारी
व्यापारी रहवासी महासंघ के अनुसार, प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण के लिए सड़क के दोनों ओर करीब 4-4 मीटर के निशान लगाए गए हैं। व्यापारियों का कहना है कि यदि योजना के मुताबिक कार्रवाई होती है तो बड़ी संख्या में दुकानें प्रभावित हो सकती हैं और कई परिवारों की आजीविका पर संकट खड़ा हो सकता है। महासंघ का दावा है कि प्रस्तावित चौड़ीकरण से क्षेत्र के करीब 70 प्रतिशत व्यापारियों के प्रतिष्ठान प्रभावित या पूरी तरह खत्म हो सकते हैं। इसी आशंका के चलते रविवार को व्यापारियों और रहवासियों की बैठक हुई, जिसमें बाजार बंद रखने और चरणबद्ध तरीके से शांतिपूर्ण विरोध करने का निर्णय लिया गया।
आश्वासन के बावजूद कार्रवाई का आरोप
व्यापारियों के मुताबिक, सड़क चौड़ीकरण का टेंडर जारी होने के बाद उन्होंने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के सामने अपनी आपत्ति दर्ज कराई थी। उनका कहना है कि स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने बातचीत के जरिए समाधान निकालने और सभी प्रभावित पक्षों से चर्चा करने का आश्वासन दिया था। हालांकि, व्यापारियों का आरोप है कि चर्चा और सहमति की प्रक्रिया पूरी होने से पहले ही रविवार रात को प्रभावित भवनों पर मार्किंग कर दी गई। इसके बाद क्षेत्र के व्यापारियों में नाराजगी और बढ़ गई।
व्यापारियों ने कहा- पहले यातायात व्यवस्था सुधारें
पाटनी बाजार व्यापारी एसोसिएशन से जुड़े प्रशांत सोनी ने आरोप लगाया कि रात करीब 1 बजे बिना किसी पूर्व सूचना के मार्किंग की गई। उन्होंने कहा कि सड़क को चौड़ा करने से पहले क्षेत्र की मौजूदा यातायात व्यवस्था को बेहतर करने के विकल्पों पर विचार किया जाना चाहिए। व्यापारियों का कहना है कि सड़क पर ई-रिक्शा और अन्य वाहनों के खड़े रहने से यातायात प्रभावित होता है। यदि इन समस्याओं को व्यवस्थित किया जाए तो बिना बड़े पैमाने पर निर्माण तोड़फोड़ के भी यातायात को सुचारू किया जा सकता है। पाटनी बाजार व्यापारी एसोसिएशन के अलावा बर्तन बाजार, सोना-चांदी बाजार और गुदरी क्षेत्र के कई व्यापारियों ने भी प्रस्तावित बाजार बंद का समर्थन किया है।
योजना पर पुनर्विचार की मांग
व्यापारी और रहवासी प्रशासन से सड़क चौड़ीकरण की योजना पर पुनर्विचार करने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि विकास कार्य जरूरी हैं, लेकिन इसकी वजह से वर्षों से कारोबार कर रहे दुकानदारों और प्रभावित परिवारों की आजीविका पर संकट नहीं आना चाहिए। व्यापारियों ने प्रशासन से मांग की है कि किसी भी कार्रवाई से पहले प्रभावित दुकानदारों और रहवासियों के साथ बैठक कर उनकी आपत्तियां सुनी जाएं और ऐसे विकल्प तलाशे जाएं, जिनसे यातायात व्यवस्था भी बेहतर हो तथा अधिक से अधिक दुकानों और मकानों को बचाया जा सके। फिलहाल व्यापारी रहवासी महासंघ ने 12 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन बाजार बंद और शांतिपूर्ण विरोध का ऐलान किया है। अब इस मामले में प्रशासन की ओर से क्या कदम उठाया जाता है, इस पर सभी की नजर है।