पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव परिणामों के बाद राज्य में राजनीतिक हिंसा को लेकर माहौल लगातार गरमाता जा रहा है। उत्तर 24 परगना जिले के मध्यमग्राम में भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी के निजी सहायक चंद्रनाथ रथ की हत्या के बाद पूरे मामले ने सियासी तूल पकड़ लिया है।
भाजपा का आरोप: ‘साजिश के तहत हत्या’
भाजपा नेता नवीन मिश्रा ने इस घटना को सामान्य आपराधिक वारदात मानने से इनकार करते हुए इसे “सोची-समझी साजिश” बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह घटना राजनीतिक प्रतिशोध से जुड़ी हो सकती है और इसमें राज्य सरकार की भूमिका पर सवाल उठाए।
‘पहले से थी हिंसा की आशंका’
नवीन मिश्रा का दावा है कि उन्होंने पहले ही चुनाव परिणामों के बाद राज्य में हिंसा की आशंका जताई थी। उनके अनुसार, पिछले कुछ दिनों से कई इलाकों में तनावपूर्ण माहौल था, जो अब गंभीर घटना में बदल गया है।
ममता बनर्जी पर तीखे आरोप
भाजपा नेता ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें कानून-व्यवस्था की स्थिति के लिए जिम्मेदार ठहराया। साथ ही उन्होंने अभिषेक बनर्जी का नाम भी इस मामले में जोड़ा है और आरोप लगाया कि यह घटना राजनीतिक बदले की भावना से जुड़ी हो सकती है।
जांच और कार्रवाई की मांग
भाजपा ने मांग की है कि मामले की तुरंत निष्पक्ष जांच कराई जाए। पार्टी ने यह भी कहा है कि घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित किए जाएं ताकि किसी भी तरह की छेड़छाड़ न हो सके।
इसके अलावा, एक अधिकार प्राप्त जांच समिति (Empowered Committee) के गठन की मांग भी की गई है।
राजनीतिक माहौल और तनाव बढ़ा
इस घटना के बाद पश्चिम बंगाल की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं, जिससे राज्य में राजनीतिक तनाव और बढ़ गया है।