Business: अगर आप भी परमानेंट अकाउंट नंबर (पैन) को आधार कार्ड से जोड़ने की खबर को हल्के में ले रहे हैं तो अभी सतर्क हो जाइए। जल्द से जल्द आप 30 जून से पहले अपने आधार को पैन से लिंक कर दें नहीं तो 30 जून के समय बीत जाने के बाद आपका पैन कार्ड निष्क्रिय हो जाएगा।
हो सकता है ये नुकसान
पैन कार्ड निष्क्रियता के अलावा आपको अन्य मुश्किलों का भी सामना करना पड़ सकता है। अगर आपका पैन आधार कार्ड से लिंक नहीं है तो यदि इनकम टैक्स विभाग आपको भुगतान किए गए अतिरिक्त टैक्स के लिए आपको रिफंड देना चाहता है तो नहीं दे सकता। इतना ही नहीं अगर ऐसी राशि पर कोई ब्याज देय है, तो यह उस अवधि के लिए भुगतान नहीं किया जाएगा, जिस दौरान आपका पैन निष्क्रिय रहता है। इसके अलावा TDS और TCS पर भी आपको हाई रेट लगेगा।
नहीं मिल पाएंगी ये सुविधाएं
अगर आपका पैन आधार कार्ड से लिंक नहीं है तो आप अपना इनकम टैक्स रिटर्न भी फाइल नहीं कर पाएंगें। इसके अलावा आप म्यूचुअल फंड और स्टॉक में भी निवेश नहीं कर पाएंगे। आपको बता दें कि म्यूचुअल फंड और स्टॉक में निवेश करने के लिए भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) के नियमों के अनुसार पैन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक करवाना अनिवार्य है।
इतनी लगेगी लेट फीस
अगर आप आधार कार्ड और पैन कार्ड को लिंक करना चाहते हैं तो आयकर ई-फाइलिंग वेबसाइट (incometax.gov.in) के माध्यम से कर सकते हैं। हालाँकि अब आपको लिंक करने के लिए 1,000 रुपये का लेट फीस देना पड़ेगा।
लिंक करने के लिए फॉलों करे ये स्टेप्स
- सबसे पहले आप यह पता किजिए कि क्या आपने पहले ही पैन को आधार से लिंक किया हुआ है या नहीं, इसे जांच के लिए आपको ई-फाइलिंग के पोर्टल पर जाना होगा।
- यदि आपने लिंक नहीं किया है, तो अपने आधार को पैन से लिंक करने के लिए पोर्टल पर जाना होगा।
- आप www.incometax.gov.in पर जाकर लॉग इन करना होगा। यहां ध्यान रखें कि आपका यूजर्स आईडी आपका पैन नंबर ही है।
- इसके बाद आप e-file पर जाएं, फिर e-pay tax वाले ऑप्शन पर क्लिक करें और फिर New payment पर जाएं।
- इसके बाद 'आयकर' टैब चुनें और आकलन वर्ष के रूप में 2024-25 का चयन करें।
- 'अन्य रसीदें (500)' के रूप में भुगतान का प्रकार चुनें और continue करें।
- इसके बाद आपको 1,000 रुपये की पहले से भरी हुई राशि दिखेगी, फिर आप continue
पर क्लिक करें।
- अगले स्टेप में आप अपने बैंक अकाउंट को चुने और पेमेंट को पूरा करें।
- इसके बाद आप ई-फाइल> ई-पे टैक्स> पेमेंट हिस्ट्री पर क्लिक करके चालान डाउनलोड कर सकते हैं।
- इसके बाद आपको ई-फाइलिंग पोर्टल के होमपेज के बाईं ओर मेनू पर 'लिंक आधार' टैब पर क्लिक करना होगा।
- इसके बाद अपना पैन और आधार दर्ज करें और जानकारी को मान्य करें।
Comments (0)