मध्य प्रदेश में दो कंजर्वेशन रिजर्व की स्थापना को मंजूरी मिली है। मप्र राज्य वन्यप्राणी बोर्ड की 29वीं बैठक में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने यह फैसला लिया है। दोनों की अधिसूचना भी जल्द ही जारी की जाएगी। बोत्सवाना से पांच जिराफ और पांच जेब्रा लाए जाएंगे। बुधवार को सीएम डॉ मोहन यादव की अध्यक्षता में राज्य वन्यजीव बोर्ड की बैठक हुई। जिसमें कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है। बालाघाट जिले के सोनेवानी और बैतूल जिले के ताप्ती क्षेत्र को संरक्षित क्षेत्र घोषित करने के प्रस्ताव को मंजूरी मिली है। दोनों की अधिसूचना भी जल्द ही जारी की जाएगी।
सोन घड़ियाल अभ्यारण्य में पुल निर्माण, पुलिस कैंप स्थापना सहित अन्य प्रस्तावों को भी मंजूरी मिली है। सीएम डॉ मोहन ने हाथियों के स्थायी प्रबंधन और गिद्धों, चीलों व मगरमच्छों के संरक्षण की दिशा में प्रयास तेज करने के निर्देश दिए है।
बोत्सवाना से पांच जिराफ और पांच जेब्रा लाए जाएंगे
बोत्सवाना से पांच जिराफ और पांच जेब्रा लेकर आने के लिए भी बोत्सवाना सरकार से चर्चा और समन्वय की कार्यवाही की जा रही है। इसके अलावा असम राज्य से वन भैंसा और गेंडा भी मध्यप्रदेश में लाने के प्रयास किये जा रहे हैं। वहीं पचमढ़ी में जुलाई 2025 में राष्ट्रीय स्तर की कार्यशाला में जलीय जीवों के संरक्षण के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
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