गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने घोषणा की है कि 1 जनवरी से GIFT City में IAIRO (Indian AI Research Organization) की शुरुआत होगी। यह देश का पहला राष्ट्रीय AI रिसर्च संस्थान होगा, जिसे पब्लिक–प्राइवेट पार्टनरशिप मॉडल पर विकसित किया जा रहा है। इस पहल से भारत में AI रिसर्च, डेवलपमेंट, इनोवेशन और पॉलिसी फ्रेमवर्क को एकीकृत करने का संगठित प्रयास शुरू होगा। सरकार का मानना है कि IAIRO भविष्य में भारत की तकनीकी क्षमता और डिजिटल अर्थव्यवस्था को नई ऊँचाइयों पर ले जाएगा।
PPP मॉडल पर विकसित होगी अत्याधुनिक AI संस्था
IAIRO की स्थापना गुजरात सरकार, केंद्र सरकार और उद्योग जगत के त्रिपक्षीय सहयोग से की जाएगी। यह संस्थान GIFT City में एक स्पेशल पर्पज व्हीकल के रूप में कार्य करेगा और Companies Act 2013 की धारा 8 के तहत एक नॉन-प्रॉफिट संस्था के रूप में पंजीकृत होगा। इस मॉडल के माध्यम से सरकारी सहयोग, उद्योग अनुभव और रिसर्च विशेषज्ञता का मजबूत संयोजन तैयार किया जाएगा।
300 करोड़ रुपये का निवेश और बराबर भागीदारी का मॉडल
इस परियोजना में शुरुआती पाँच वर्षों के लिए लगभग 300 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव है। इसमें राज्य सरकार, केंद्र सरकार और निजी क्षेत्र की 33.33% की समान भागीदारी होगी। इंडियन फार्मास्यूटिकल अलायंस (IPA) को एंकर प्राइवेट पार्टनर बनाया गया है। इसमें Sun Pharma, Cipla और Torrent Pharma जैसी प्रमुख कंपनियाँ शामिल हैं, जो AI आधारित हेल्थ-टेक और रिसर्च इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास में योगदान देंगी।
हेल्थ, शिक्षा और कृषि में AI समाधान पर विशेष ध्यान
गुजरात सरकार ने AI आधारित विकास को तेज़ी से आगे बढ़ाने के लिए एक AI टास्क फोर्स भी गठित की है। इसका मुख्य उद्देश्य हेल्थकेयर, शिक्षा, कृषि और पब्लिक सर्विसेज में AI को अपनाकर नागरिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाना है। IAIRO को एक मल्टीडिसिप्लिनरी AI हब के रूप में तैयार किया जाएगा, जहाँ एडवांस AI रिसर्च, इनोवेशन, प्रोडक्ट डेवलपमेंट और स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा मिलेगा। शिक्षण संस्थानों और उद्योग जगत के बीच सहयोग भी इस पहल का महत्वपूर्ण हिस्सा होगा।
हाइब्रिड कंप्यूट मॉडल और पॉलिसी रिसर्च की मजबूत भूमिका
IAIRO में इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी डेवलपमेंट, स्किल ट्रेनिंग और पॉलिसी रिसर्च को उच्च प्राथमिकता दी जाएगी। यह संस्थान हाइब्रिड कंप्यूट मॉडल पर कार्य करेगा, जिसमें ऑन-प्रिमाइसेस GPU इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ IndiaAI Cloud जैसे राष्ट्रीय प्लेटफॉर्म को भी जोड़ा जाएगा। इससे स्केलेबल AI रिसर्च और डेटा प्रोसेसिंग क्षमता को सुदृढ़ बनाने में मदद मिलेगी।
भारत को वैश्विक AI मानचित्र पर मजबूत पहचान
सरकार का मानना है कि IAIRO की स्थापना से GIFT City न सिर्फ फिनटेक बल्कि AI इनोवेशन हब के रूप में भी उभरेगा। यह पहल भारत की तकनीक–नेतृत्व वाली विकास यात्रा को और गति देगी, साथ ही युवाओं और शोधकर्ताओं के लिए नए अवसर भी तैयार करेगी। विशेषज्ञों के अनुसार, यह कदम भारत को वैश्विक AI नेतृत्व की दौड़ में सशक्त बनाएगा।
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