कोलकाता: शनिवार शाम तपसिया में कोलकाता नगर निगम के पूर्व तृणमूल पार्षदों की बैठक हुई। बैठक में कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे, लेकिन पूर्व मेयर फिरहाद हाकिम की गैरमौजूदगी ने राजनीतिक हलकों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया। हाल के दिनों में उनके विद्रोही खेमे से जुड़ने और तारातला मामले में नाम सामने आने के बाद इस अनुपस्थिति को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
कुणाल घोष ने गिरफ्तारी की उठाई मांग
बैठक शुरू होने से पहले तृणमूल विधायक कुणाल घोष ने मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से फिरहाद हाकिम के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि शाम 5 बजे से पहले कार्रवाई होती है तो सरकार की मंशा पर भरोसा बढ़ेगा, जबकि ऐसा नहीं होने पर सरकार के दावों पर सवाल खड़े होंगे।
राजनीतिक बयानबाज़ी से बढ़ा सस्पेंस
कुणाल घोष ने यह भी कहा कि यदि फिरहाद हाकिम बैठक में शामिल होते हैं तो इससे विधानसभा में पेश किए गए दस्तावेज़ों और सरकार के रुख पर सवाल उठ सकते हैं। वहीं, उनकी अनुपस्थिति ने राजनीतिक गलियारों में अटकलों को और तेज़ कर दिया है।
आगे क्या होगा, इस पर सबकी नज़र
तारातला मामले को लेकर पहले से ही राजनीतिक माहौल गर्म है। ऐसे में फिरहाद हाकिम के खिलाफ किसी भी संभावित कार्रवाई या उनके अगले राजनीतिक कदम पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।