Ujjain: उज्जैन एक बार फिर दिपोत्सव का रिकॉर्ड तोड़ने की तैयारी मे जुट गया है। बता दें कि उज्जैन में महाशिवरात्रि (Mahashivratri 2023) पर नया विश्व रिकॉर्ड बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। अयोध्या में दीपावली की पूर्व संध्या पर 23 अक्टूबर को दीपोत्सव मनाकर सरयू घाट पर 15 लाख दीप जलाए गए थे। इसे गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया गया। अब उज्जैन इस रिकॉर्ड को तोड़ने की तैयारी में है। महाशिवरात्रि पर्व पर 18 फरवरी को शिप्रा तट पर 21 लाख दीप जलाने की तैयारी शुरू हो गई है।
पिछले साल 11.71 लाख दीप से तोड़ा था रिकॉर्ड
बता दें कि उज्जैन में महाशिवरात्रि (Mahashivratri 2023) पर शिव ज्योति अपर्णम महोत्सव का भव्य आयोजन किया जा रहा है, इसमें 21 लाख दीपों की रोशनी से शिप्रा का पावन तट जगमग होगा। वही संपूर्ण शहर भी दीपों की रोशनी से जगमगाएगा। पिछले साल महाशिवरात्रि पर ही शिप्रा तट पर 11.71 दीये जलाकर रिकॉर्ड बनाया था, लेकिन इसके बाद दीपावली पर अयोध्या में 15 लाख 96 हजार दीप जलाकर नया रिकॉर्ड बना दिया।
अयोध्या का रिकॉर्ड तोड़ने की तैयारी
अब उज्जैन फिर से नया रिकॉर्ड बनाने की तैयारी कर रहा है। इस बार 21 लाख दीप जलाने की प्लानिंग है। महोत्सव मनाने के लिए शिप्रा के घाटों, शहर के सभी मंदिरों, सार्वजनिक स्थलों और शासकीय परिसरों तथा शहरवासियों द्वारा अपने-अपने घरों, प्रतिष्ठानों पर दीप जलाए जाएंगे। शिव ज्योति अपर्णम को एक उत्सव की तरह मनाया जाएगा, जिसमें शहर के हर नागरिक की भागीदारी रहेगी। संपूर्ण शहर को विद्युत रोशनी से सजाया जाएगा, वहीं शहर के प्रत्येक मंदिर को भी सजाया जाएगा।
इतना तेल और रूई खरीदेगा निगम
निगम ने महोत्सव के लिए तैयारी शुरू कर दी है। 25 लाख दीपों के टेंडर निकाले हैं, जिनकी अनुमानित लागत 40 लाख रुपए लगाई है। वहीं तीन तरह का तेल (सरसों, सोयाबीन और कपास) 50 हजार लीटर, 25 लाख रुई की बत्ती, 600 किलो कपूर के साथ ही 4 हजार माचिस के भी टेंडर निकाले हैं।
शहर की होगी आकर्षक सजावट
महाशिवरात्रि पर महाकाल मंदिर प्रबंध समिति और निगम द्वारा सबसे अधिक दीप जलाने की तैयारी शुरू कर दी है। हम 21 लाख दीप शिप्रा तट पर जलाएंगे। इसमें शहर को भी आकर्षक रूप से सजाया जाएगा। प्रयास किए जा रहे हैं कि शहर का हर व्यक्ति इस महोत्सव का साक्षी बने।
Comments (0)