बालाघाट जिले में पोस्टल बैलेट की प्राप्ति व गिनती का मामला अभी शांत होता नजर नहीं आ रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री और राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने बालाघाट कलेक्टर और पोस्टर बैलेट के रिटर्निंग ऑफिसर के निलंबन या स्थांनांतरण की मांग की है। सोमवार को कांग्रेस ने मतगणना से पहले ही डाक मतपत्रों की पेटियां खोलने का आरोप लगाया था। इस मामले में देर रात बालाघाट कलेक्टर ने बयान जारी करते हुए बताया था कि, डाक मत पत्रों की गिनती नहीं की गई है। स्ट्रॉग रूम खोलने का कारण इटीपीबीएस की शॉर्टिंग करना था।
दिग्विजय सिंह ने किया ट्वीट
दिग्विजय सिंह ने अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट से ट्वीट करते हुए लिखा कि, बालाघाट ज़िले में पोस्टल बैलेट की प्राप्ति व गिनती में केंद्रीय चुनाव आयोग के नियम व निर्धारित प्रक्रिया का उल्लंघन हुआ है। जिसकी पूरी जवाबदेही ज़िला कलेक्टर व पोस्टर बैलेट के रिटर्निंग ऑफिसर की होती है। इसलिए दोनों अधिकारियों का तत्काल निलंबन कर अन्यत्र स्थानांतरित किया जाए। केवल नोडल अफसर का निलंबन करना पर्याप्त नहीं है।
कमलनाथ ने किया ट्वीट
वहीं पीसीसी चीफ कमलनाथ ने इस वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा- प्रदेश के बालाघाट जिले में पोस्टल बैलेट को मतगणना से पहले ही खोले जाने और छेड़छाड़ की आशंका का एक वीडियो सामने आया है, जिसकी शिकायत निर्वाचन आयोग में कांग्रेस पार्टी ने की है। यह अत्यंत गंभीर मामला है। दोषियों पर तत्काल कार्रवाई की जानी चाहिये। मैं कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आव्हान करता हूं कि वे मुस्तैद रहें और कोई गड़बड़ी न होने दें।
कलेक्टर ने देर रात बयान जारी किया
बालाघाट कलेक्टर ने देर रात बयान जारी करते हुए कहा था कि, आयोग के निर्देशानुसार डाक मत पत्र के स्ट्रांग रूम खोलने की सूचना 15 नवम्बर को भी राजीनीतिक दलों के प्रतिनिधि व अभ्यर्थियों को भी दी गई थी। बालाघाट विधानसभा- 111 के डाक मत पत्र के शॉर्टिंग के लिए विधानसभा में विभिन्न दलों के प्रतिनिधियों को भी जानकारी दी गई थी। उनकी उपस्थिति में हुए कार्य के बाद स्ट्रांग रूम बन्द करते समय पंचनामा भी बनाया गया था।
क्या था मामला
दरअसल, बालाघाट जिले से एक बड़ा मामला सामने आया है, सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें कुछ कर्मचारी पोस्टल बैलेट पेपर के साथ दिख रहे हैं। कांग्रेस ने इस मामले में निर्वाचन आयोग में शिकायत की थी। जिसके बाद पूरे मामले में निर्वाचन आयोग ने कार्रवाई की थी।
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