अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फीफा वर्ल्ड कप 2026 को अब तक का सबसे यादगार और अलग टूर्नामेंट बताया है। उन्होंने कहा कि इस विश्व कप में रोमांचक मुकाबले, अप्रत्याशित नतीजे और कई ऐसे पल देखने को मिले, जिन्हें फुटबॉल प्रशंसक लंबे समय तक याद रखेंगे। अपने संबोधन के दौरान ट्रंप ने अमेरिकी टीम के खिलाड़ी फोलारिन बालोगुन से जुड़ी घटना का जिक्र करते हुए फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो को किए गए फोन कॉल की भी चर्चा की।
'फीफा वर्ल्ड कप 2026 सबसे अलग टूर्नामेंट रहा'
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि फीफा वर्ल्ड कप 2026 खेल इतिहास के सबसे रोमांचक टूर्नामेंटों में से एक रहा। उनके अनुसार पूरे टूर्नामेंट में कई हाई-वोल्टेज मुकाबले देखने को मिले और खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन कर दुनिया भर के फुटबॉल प्रेमियों का दिल जीत लिया। उन्होंने कहा कि इस विश्व कप ने खेल भावना, प्रतिस्पर्धा और मनोरंजन के नए मानक स्थापित किए हैं। हर मैच में रोमांच आखिरी मिनट तक बना रहा और यही इस टूर्नामेंट की सबसे बड़ी खासियत रही।
रेड कार्ड वाले पल को बताया सबसे यादगार
अपने संबोधन में ट्रंप ने अमेरिकी टीम के फॉरवर्ड फोलारिन बालोगुन का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पूरे टूर्नामेंट का सबसे यादगार पल वह था, जब बालोगुन को रेड कार्ड दिखाया गया। ट्रंप के अनुसार उस समय उन्हें लगा कि यह फैसला अमेरिकी टीम के लिए बड़ा झटका साबित हो सकता है। इसी वजह से उन्होंने फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो से संपर्क करने का फैसला किया।
फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो को किया फोन
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्होंने फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो को फोन कर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि उन्होंने इन्फेंटिनो से मजाकिया अंदाज में कहा कि वह इस फैसले को लेकर शिकायत करना चाहते हैं। ट्रंप ने कहा कि उन्हें उस समय यह नहीं पता था कि आगे क्या होगा, लेकिन बाद में जो नतीजा सामने आया, उससे वह संतुष्ट रहे।
'कोई विवाद नहीं हुआ और टीम ने मैच जीत लिया'
अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि आखिरकार किसी तरह का विवाद नहीं हुआ और अमेरिकी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मुकाबला अपने नाम किया। उन्होंने कहा कि टीम के सभी खिलाड़ियों ने बेहतरीन खेल दिखाया और मैदान पर मजबूती से डटे रहे। उन्होंने फीफा अध्यक्ष के फैसले की भी सराहना करते हुए कहा कि पूरे टूर्नामेंट का संचालन काफी बेहतर तरीके से किया गया।
फुटबॉल को लेकर ट्रंप का उत्साह
ट्रंप ने कहा कि फीफा वर्ल्ड कप केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं है, बल्कि यह दुनिया के अलग-अलग देशों को जोड़ने वाला सबसे बड़ा मंच है। उन्होंने कहा कि विश्व कप के दौरान दुनिया भर के करोड़ों लोगों ने फुटबॉल का उत्सव मनाया और यह खेल वैश्विक एकता का प्रतीक बनकर सामने आया।
2026 वर्ल्ड कप का रहा विशेष महत्व
फीफा वर्ल्ड कप 2026 कई कारणों से ऐतिहासिक माना जा रहा है। इस टूर्नामेंट में नए प्रारूप, अधिक टीमों की भागीदारी और आधुनिक तकनीक का व्यापक उपयोग देखने को मिला। दुनियाभर के फुटबॉल प्रशंसकों ने इसे अब तक के सबसे बड़े विश्व कप आयोजनों में से एक माना। ट्रंप ने अपने बयान के अंत में खिलाड़ियों, आयोजकों और फीफा अधिकारियों की सराहना करते हुए कहा कि इस टूर्नामेंट ने खेल प्रेमियों को कई ऐसे पल दिए, जिन्हें हमेशा याद रखा जाएगा।
बयान के बाद बढ़ी चर्चा
डोनाल्ड ट्रंप का यह बयान सामने आने के बाद खेल जगत और सोशल मीडिया पर इसकी चर्चा तेज हो गई है। खासकर फोलारिन बालोगुन के रेड कार्ड और फीफा अध्यक्ष को फोन करने संबंधी उनके बयान पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।