भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 25 जून 1975 को लगाए गए आपातकाल को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का सबसे काला अध्याय बताया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले लोकतंत्र प्रहरियों का योगदान देश कभी नहीं भूल सकता।
25 जून 1975 लोकतंत्र के इतिहास का सबसे काला दिन
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि 25 जून 1975 को तत्कालीन केंद्र सरकार ने पूरे देश में आपातकाल लागू किया था। इस दौरान लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन हुआ और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर भी अंकुश लगाया गया। उन्होंने इसे लोकतंत्र के इतिहास का सबसे काला दिन बताया।
लोकतंत्र प्रहरियों को किया नमन
मुख्यमंत्री ने कहा कि आपातकाल की विभीषिका के विरुद्ध डटकर खड़े होने वाले लोकतंत्र प्रहरियों का संघर्ष आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा है। उन्होंने ऐसे सभी लोकतंत्र सेनानियों को नमन करते हुए उनके योगदान को अतुलनीय बताया।
प्रदेशवासियों से लोकतंत्र की रक्षा का संकल्प लेने की अपील
डॉ. मोहन यादव ने प्रदेशवासियों से लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए सदैव समर्पित रहने और राष्ट्र सेवा का संकल्प लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती नागरिकों की जागरूकता और भागीदारी से ही संभव है।
आज दोपहर 12 बजे रविंद्र भवन में होगा सम्मान समारोह
मुख्यमंत्री ने बताया कि लोकतंत्र प्रहरियों के सम्मान में आज दोपहर 12 बजे भोपाल के रविंद्र भवन में भव्य एवं गरिमामय समारोह आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर लोकतंत्र सेनानियों और प्रहरियों का सम्मान किया जाएगा।