देश के अलग-अलग राज्यों में मौसम का अलग-अलग रंग देखने को मिल रहा है। जहां राजस्थान और पश्चिम बंगाल में तेज बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है, वहीं उत्तरप्रदेश और बिहार के कई इलाकों में लोग भीषण गर्मी और हीटवेव का सामना कर रहे हैं। मध्यप्रदेश में लगातार बारिश की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने इंदौर के कई पर्यटन स्थलों को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है।
जयपुर में आधे घंटे की बारिश से सड़कें जलमग्न
राजस्थान में मानसून की दस्तक से पहले राजधानी जयपुर में गुरुवार को तेज बारिश हुई। करीब आधे घंटे में 50 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जिससे शहर की कई प्रमुख सड़कें पानी में डूब गईं। जलभराव के कारण कई वाहन बीच रास्ते में बंद हो गए, जबकि कई मकानों और दुकानों में भी पानी घुस गया।
कोलकाता में अस्पताल तक पहुंचा बारिश का पानी
पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में भी करीब एक घंटे की तेज बारिश ने शहर की रफ्तार थाम दी। मुख्य सड़कों पर करीब एक फीट तक पानी भर गया। जलभराव का असर शहर के एसएसकेएम अस्पताल तक पहुंचा, जहां अस्पताल परिसर में पानी भरने से मरीजों और उनके परिजनों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
मध्यप्रदेश में 15 पर्यटन स्थलों पर प्रवेश प्रतिबंध
लगातार बारिश और संभावित हादसों को देखते हुए मध्यप्रदेश के इंदौर जिले में 15 पर्यटन स्थलों पर 22 अगस्त तक पर्यटकों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो से चार दिनों के भीतर मानसून पूरे मध्यप्रदेश में सक्रिय हो सकता है।
यूपी और बिहार में गर्मी का कहर जारी
दूसरी ओर उत्तरप्रदेश में मानसून अब भी सामान्य समय से करीब आठ दिन देर से चल रहा है। मौसम विभाग के अनुसार मानसून पिछले कई दिनों से बिहार सीमा के आसपास ही ठहरा हुआ है। गुरुवार को राज्य के आठ जिलों में हीटवेव जैसे हालात बने रहे।
वहीं बिहार के 13 जिलों में तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के आगे बढ़ने के बाद ही दोनों राज्यों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है।