बिहार के पूर्व सीएम और हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा प्रमुख जीतन राम मांझी ( Jitan Ram Manjhi ) ने एक बड़ा दावा किया हैं। उन्होंने ( Jitan Ram Manjhi ) दावा करते हुए कहा है कि, महागठबंधन और NDA दोनों तरफ से हमारी पार्टी पर विलय करने का दबाव था। हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा प्रमुख मांझी ने कहा कि, हम नीतीश के साथी हैं, इसलिए उन्हें आईना भी दिखाते हैं।
हमने नीतीश के साथ रहने की कसम खाई है - Manjhi
बिहार के पूर्व सीएम जीतन राम मांझी ने आगे कहा कि, हमने नीतीश के साथ रहने की कसम खाई है, इसका मतलब ये नहीं ही कि, हम नीतीश जी को गलत करने दें। नीतीश कुमार को शराबबंदी पर सर्वदलीय मीटिंग बुलानी चाहिए।
अमित शाह से न मिले, तो क्या उन्हें खफा कर दें?
वहीं बीजेपी नेता और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से हुई मुलाकात पर पूर्व सीएम मांझी ने कहा कि, अमित शाह से न मिले, तो क्या उन्हें खफा कर दें? हमको सबसे काम पड़ता है। इसके बाद उन्होंने सफाई देते हुए कहा था कि, दसरथ मांझी को भारत रत्न दिया जाए, इसे लेकर मैंने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से बात की और उन्होंने कहा कि, हम विचार करेंगे।
हम गठबंधन में हैं, दवाब हम पर काफी है
आपको बता दें कि, इससे पहले पटना में पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की मीटिंग को संबोधित करते हुए पार्टी प्रमुख और पूर्व सीएम जीतन राम मांझी ने कहा कि, हम गठबंधन में हैं, दवाब हम पर काफी है, चाहे वो इस गठबंधन में रहे या उसमें, स्पष्टता हमारी कमजोरी रही है।
हमारा एक-एक मतदाता चाहता है कि हम किसी भी पार्टी के साथ विलय ना करें
पूर्व सीएम जीतन राम मांझी ने अपनी बात जारी रखते हुए कहा कि, इसलिए मैं कहता हूं, दवाब इस कदर कि, आप मेरे साथ चले आइए, मेरे साथ चले आइए हो रही है। हम लोगों को फैसला लेना होगा। एक फैसले की घड़ी आ चुकी है कि, हम लोगों को क्या करना है। उन्होंने आगे कहा कि, हमारा एक-एक मतदाता चाहता है कि हम किसी भी पार्टी के साथ विलय ना करें, और ना ही हम करेंगे।
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