नई दिल्ली। देश के कई राज्यों में मानसून का असर लगातार तेज बना हुआ है। भारी बारिश, आकाशीय बिजली और भूस्खलन की घटनाओं ने आम जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। बिहार और पश्चिम बंगाल में सोमवार को बिजली गिरने की अलग-अलग घटनाओं में 11 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए। वहीं उत्तराखंड में बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूस्खलन के कारण सैकड़ों यात्री घंटों तक फंसे रहे। हरियाणा और उत्तर प्रदेश में भी लगातार हो रही बारिश से जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है।
बिहार और पश्चिम बंगाल में बिजली गिरने से 11 लोगों की मौत
मानसून के दौरान आकाशीय बिजली एक बार फिर जानलेवा साबित हुई। बिहार के विभिन्न जिलों में बिजली गिरने की घटनाओं में सात लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल हुए हैं। वहीं पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले में वज्रपात की अलग-अलग घटनाओं में चार लोगों ने अपनी जान गंवा दी। दोनों राज्यों में कुल 14 लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
बद्रीनाथ हाईवे पर भूस्खलन, यातायात पूरी तरह प्रभावित
उत्तराखंड के चमोली जिले में लगातार बारिश के कारण बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूस्खलन हो गया। पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा और बड़े-बड़े पत्थर सड़क पर गिरने से मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया। इसके चलते करीब 200 यात्री रास्ते में फंस गए। सड़क बंद होने के कारण सोमवार रात से ही वाहन आगे नहीं बढ़ सके। सीमा सड़क संगठन (BRO) और प्रशासन की टीमें मार्ग को साफ करने में जुटी हैं ताकि यातायात जल्द से जल्द बहाल किया जा सके।
हरियाणा में जलभराव से जनजीवन अस्त-व्यस्त
हरियाणा के अंबाला और झज्जर में रातभर हुई तेज बारिश ने शहरों की व्यवस्था की पोल खोल दी। कई प्रमुख सड़कें पानी में डूब गईं और निचले इलाकों में जलभराव हो गया। कई बाजारों और दुकानों में पानी घुसने से व्यापारियों को नुकसान उठाना पड़ा। लोगों को आवागमन में भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
उत्तर प्रदेश में बारिश से हालात बिगड़े
उत्तर प्रदेश के आगरा में देर रात से लगातार रुक-रुक कर बारिश जारी है। कई कॉलोनियों और सड़कों पर दो से तीन फीट तक पानी भर गया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। खराब मौसम और जलभराव को देखते हुए प्रशासन ने स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया है।वहीं बाराबंकी में केवल दो घंटे की तेज बारिश ने शहर की व्यवस्था को प्रभावित कर दिया। बस स्टेशन परिसर में पानी भरने से यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर जलनिकासी व्यवस्था भी प्रभावित दिखाई दी।
मौसम विभाग ने सतर्क रहने की सलाह दी
मौसम विभाग के अनुसार देश के कई हिस्सों में मानसून अभी सक्रिय बना हुआ है। आने वाले दिनों में भी कई राज्यों में भारी बारिश, गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना बनी हुई है। लोगों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, नदी-नालों के आसपास सावधानी बरतने और बिजली चमकने के समय खुले स्थानों पर नहीं जाने की अपील की गई है।
राहत और बचाव कार्य जारी
प्रभावित राज्यों में स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं। जहां जरूरत है, वहां राहत और बचाव कार्य चलाए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि मौसम सामान्य होने तक संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जाएगी ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।लगातार हो रही बारिश ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि मानसून राहत के साथ-साथ कई क्षेत्रों में बड़ी चुनौतियां भी लेकर आता है। ऐसे में मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करना और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का अनुसरण करना बेहद जरूरी है।