श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर में लगातार खराब मौसम के चलते जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-44) पर भूस्खलन और पहाड़ी से पत्थर गिरने की घटनाओं ने यातायात बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। कुलगाम जिले में मलबा आने के कारण हाईवे बंद हो गया, जिससे अमरनाथ यात्रा से लौट रहे बड़ी संख्या में श्रद्धालु रास्ते में फंस गए हैं। सबसे अधिक प्रभावित श्रद्धालु काजीगुंड के मीर बाजार स्थित यात्री निवास में रुके हुए हैं, जहां प्रशासन की ओर से भोजन, ठहरने और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
अमरनाथ यात्रा से लौट रहे श्रद्धालु रास्ते में फंसे
बाबा बर्फानी के दर्शन कर लौट रहे श्रद्धालु जम्मू की ओर जा रहे थे, लेकिन कुलगाम में भूस्खलन के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग बंद होने से उनकी यात्रा बीच में ही रुक गई। कई यात्रियों ने बताया कि वे एक से दो दिनों से सड़क खुलने का इंतजार कर रहे हैं। प्रशासन ने सुरक्षा कारणों से यात्रियों की आवाजाही रोक दी है और हाईवे सामान्य होने के बाद ही वाहनों को आगे बढ़ने की अनुमति दी जाएगी।
यात्री निवास में 1,000 से 1,500 श्रद्धालु मौजूद
महाराष्ट्र से आए एक बुजुर्ग श्रद्धालु ने बताया कि उनकी अमरनाथ यात्रा सफलतापूर्वक पूरी हो गई, लेकिन वापसी के दौरान सड़क बंद होने से उन्हें रुकना पड़ा।
उन्होंने कहा कि—
- प्रशासन की ओर से लंगर और भोजन की अच्छी व्यवस्था है।
- रहने की पर्याप्त सुविधा उपलब्ध कराई गई है।
- सुरक्षा व्यवस्था संतोषजनक है और किसी तरह का भय नहीं है।
- श्रद्धालुओं के अनुसार काजीगुंड के यात्री निवास में लगभग 1,000 से 1,500 लोग ठहरे हुए हैं और सभी सड़क खुलने का इंतजार कर रहे हैं।
श्रद्धालुओं ने की सुरक्षा व्यवस्था की सराहना
गोविंद कुमार नामक एक श्रद्धालु ने बताया कि यात्रा के दौरान उन्हें किसी प्रकार की समस्या नहीं हुई। परेशानी केवल वापसी में सड़क बंद होने के कारण हो रही है। उन्होंने बताया कि पहले प्रशासन ने उन्हें काजीगुंड में रुकने की सलाह दी थी। बाद में वे श्रीनगर जाकर होटल में ठहरे, लेकिन मार्ग बंद होने की वजह से आगे नहीं बढ़ सके। उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द राजमार्ग बहाल करने की अपील की।
दिल्ली की श्रद्धालु बोलीं— परेशानी सिर्फ सड़क बंद होने की
दिल्ली से आईं प्रीति देवी ने बताया कि उन्होंने 23 जुलाई को अमरनाथ यात्रा शुरू की थी और 26 जुलाई को बाबा बर्फानी के दर्शन किए थे। उन्होंने कहा कि पिछले कई दिनों से वे सड़क खुलने का इंतजार कर रही हैं। पहाड़ से मलबा गिरने और सड़क बंद होने के कारण प्रशासन यात्रियों को आगे जाने की अनुमति नहीं दे रहा है। प्रीति देवी ने यह भी कहा कि सीआरपीएफ, जम्मू-कश्मीर पुलिस और प्रशासन लगातार यात्रियों की मदद कर रहे हैं और सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह संतोषजनक है।
प्रशासन ने यात्रियों से धैर्य रखने की अपील
प्रशासन ने कहा है कि राजमार्ग से मलबा हटाने का काम जारी है। मौसम अनुकूल होते ही सड़क को फिर से यातायात के लिए खोलने का प्रयास किया जाएगा। अधिकारियों ने यात्रियों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल प्रशासन एवं आधिकारिक एजेंसियों द्वारा जारी जानकारी पर भरोसा करने की अपील की है।
मुख्य बातें (Highlights)
- कुलगाम में भूस्खलन के कारण जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग बंद।
- अमरनाथ यात्रा से लौट रहे सैकड़ों श्रद्धालु काजीगुंड में फंसे।
- यात्री निवास में करीब 1,000 से 1,500 श्रद्धालु रुके हुए।
- प्रशासन ने भोजन, लंगर, ठहरने और सुरक्षा की व्यवस्था की।
- श्रद्धालुओं ने सीआरपीएफ और पुलिस की व्यवस्थाओं की सराहना की।
- मलबा हटाने का काम जारी, सड़क खुलने का इंतजार।