Secret Marriage Claim in Ketan Agarwal Murder Case: पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच में एक नया और चौंकाने वाला दावा सामने आया है। जांच से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, मुख्य आरोपी चेतन चौधरी ने कथित तौर पर हत्या से करीब चार महीने पहले एक लॉज में सिया गोयल की मांग में सिंदूर भरकर उससे गुपचुप शादी करने का दावा किया है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक इस दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और पूरे मामले की सच्चाई जानने के लिए डिजिटल सबूतों, मोबाइल डेटा और दोनों आरोपियों के बयानों की गहन जांच की जा रही है। जांच एजेंसियों की कोशिश यह भी है कि यह पता लगाया जाए कि कथित शादी केतन अग्रवाल से सिया की सगाई (19 फरवरी) से पहले हुई थी या उसके बाद। यही सवाल अब पूरे केस की दिशा बदल सकता है।
क्या है सीक्रेट शादी का पूरा दावा?
पुलिस पूछताछ के दौरान सिया गोयल और चेतन चौधरी ने कथित तौर पर दावा किया कि उन्होंने हत्या से करीब चार महीने पहले एक लॉज में गुपचुप शादी की थी। दोनों के अनुसार, उस समय वहां कोई तीसरा व्यक्ति मौजूद नहीं था। चेतन ने सिया की मांग में सिंदूर भरकर उसे अपनी पत्नी स्वीकार किया था। हालांकि, इस कथित शादी का न तो कोई वीडियो सामने आया है और न ही किसी गवाह की पुष्टि हुई है। इसी वजह से पुलिस इस दावे को केवल आरोपियों के बयान के आधार पर सही मानने के बजाय हर पहलू की जांच कर रही है।
डिजिटल सबूतों पर टिकी जांच
जांच एजेंसियों ने दोनों आरोपियों के मोबाइल फोन जब्त कर लिए हैं। इनमें मौजूद व्हाट्सएप चैट, कॉल रिकॉर्ड, फोटो, लोकेशन हिस्ट्री और अन्य डिजिटल डेटा की फॉरेंसिक जांच की जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि मोबाइल डेटा की टाइमलाइन से यह स्पष्ट हो सकेगा कि दोनों के रिश्ते की वास्तविक स्थिति क्या थी और कथित शादी का दावा कितना सही है।
सबसे बड़ा सवाल- सगाई से पहले या बाद में हुई थी शादी?
पूरे मामले का सबसे अहम पहलू यही है कि अगर कथित शादी हुई भी थी तो वह 19 फरवरी को केतन अग्रवाल से हुई सगाई से पहले हुई थी या बाद में। अगर यह दावा सही साबित होता है तो जांच में कई नए कानूनी और तथ्यात्मक पहलू जुड़ सकते हैं। इसी वजह से पुलिस हर डिजिटल रिकॉर्ड का मिलान कर रही है।
अभी तक नहीं मिला कोई कानूनी प्रमाण
पुणे ग्रामीण पुलिस के अनुसार फिलहाल जांच में ऐसा कोई दस्तावेज सामने नहीं आया है जिससे यह साबित हो सके कि चेतन और सिया की शादी कानूनी रूप से संपन्न हुई थी। अब तक पुलिस को-
विवाह प्रमाण पत्र नहीं मिला।
किसी मंदिर या मैरिज रजिस्ट्रेशन का रिकॉर्ड नहीं मिला।
किसी गवाह का आधिकारिक बयान सामने नहीं आया।
यानी फिलहाल कथित शादी का दावा केवल आरोपियों के बयान तक ही सीमित है।
ब्राउजिंग हिस्ट्री ने बढ़ाई जांच की दिशा
जांच के दौरान पुलिस को सिया गोयल के मोबाइल की ब्राउजिंग हिस्ट्री से भी अहम जानकारी मिली है। बताया जा रहा है कि हत्या से पहले उसने इंटरनेट पर चर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड से जुड़ी कई जानकारियां सर्च की थीं। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इन सर्च का इस मामले से कोई संबंध है या नहीं। हालांकि, अभी तक जांच एजेंसियों ने इस संबंध में कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं निकाला है।
क्या बदल सकती है जांच की दिशा?
कथित सीक्रेट शादी का दावा सामने आने के बाद जांच का दायरा और बढ़ गया है। यदि डिजिटल सबूत इस दावे की पुष्टि करते हैं तो पुलिस हत्या के पीछे की पूरी घटनाक्रम और रिश्तों की पृष्ठभूमि को नए सिरे से देख सकती है। हालांकि, जांच अधिकारी लगातार यही कह रहे हैं कि बिना पुख्ता सबूत के किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
पुलिस की आधिकारिक स्थिति क्या है?
पुलिस का कहना है कि फिलहाल मामले की जांच जारी है और अभी तक ऐसा कोई आधिकारिक प्रमाण नहीं मिला है जिससे कथित शादी की पुष्टि की जा सके। अधिकारियों के अनुसार डिजिटल सबूत, मोबाइल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक तस्वीर सामने आएगी।
FAQs
Q1. क्या चेतन और सिया की शादी की पुष्टि हो गई है?
नहीं। फिलहाल पुलिस ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
Q2. पुलिस किस आधार पर जांच कर रही है?
व्हाट्सएप चैट, कॉल रिकॉर्ड, मोबाइल डेटा, फोटो और अन्य डिजिटल सबूतों के आधार पर।
Q3. क्या शादी का कोई कानूनी दस्तावेज मिला है?
नहीं। अब तक कोई विवाह प्रमाण पत्र या रजिस्ट्रेशन रिकॉर्ड नहीं मिला है।
Q4. ब्राउजिंग हिस्ट्री में क्या मिला?
पुलिस को सिया के मोबाइल में राजा रघुवंशी हत्याकांड से जुड़ी इंटरनेट सर्च हिस्ट्री मिली है, जिसकी जांच की जा रही है।
Q5. अभी मामले की स्थिति क्या है?
जांच जारी है और पुलिस किसी भी दावे की आधिकारिक पुष्टि करने से पहले सभी सबूतों का परीक्षण कर रही है।