भगवान शिव और माता पार्वती से जुड़ा ये धाम शिव और शक्ति दोनों का प्रतीक है। तमाम कठिनाइयों, बाधाओं और खतरों के बावजूद यहां हर साल भक्तों का तांता लगता है। पूरी धरती पर केवल यहीं भगवान शंकर हिमलिंग के रूप में दर्शन देते हैं। ऐसी मान्यताएं हैं कि सबसे पहले महर्षि भृगु ने अमरनाथ गुफा की यात्रा की थी। बाबा बर्फानी से जुड़ी और भी कई अचंभित कर देने वाली कहानियां हैं।
भगवान शिव और माता पार्वती से जुड़ा ये धाम शिव और शक्ति दोनों का प्रतीक है। तमाम कठिनाइयों, बाधाओं और खतरों के बावजूद यहां हर साल भक्तों का तांता लगता है। पूरी धरती पर केवल यहीं भगवान शंकर हिमलिंग के रूप में दर्शन देते हैं। ऐसी मान्यताएं हैं कि सबसे पहले महर्षि भृगु ने अमरनाथ गुफा की यात्रा की थी। बाबा बर्फानी से जुड़ी और भी कई अचंभित कर देने वाली कहानियां हैं।