हांगझोऊ/नई दिल्ली: एशियन गेम्स के 13वें दिन शुक्रवार सुबह भारतीय दल ने ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए पदकों की बौछार कर दी। स्टार मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन ने अपने 29वें जन्मदिन के मौके पर महिलाओं के 75 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल में चीनी प्रतिद्वंद्वी को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इसी के साथ भारत की महिला रिकर्व तीरंदाजी टीम ने 10 बार की ओलंपिक चैंपियन दक्षिण कोरिया को पराजित कर पहली बार स्वर्ण पदक जीतने का कीर्तिमान स्थापित किया। इन जीतों के साथ ही भारत 12 स्वर्ण सहित कुल 70 पदक जीतकर पदक तालिका में छठे पायदान पर पहुंच गया है।
लवलीना ने तोड़ा सूखे का सिलसिला, एकतरफा मुकाबले में जीता सोना
टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतकर इतिहास रचने वाली असम की लवलीना बोरगोहेन का एशियन गेम्स में स्वर्ण जीतने का सपना आखिरकार पूरा हो गया। पिछले एशियाई खेलों में उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा था।शुक्रवार सुबह फाइनल मुकाबले में लवलीना का सामना चीन की मुक्केबाज जियी बाओ (Bao Ziyi) से हुआ। उन्होंने मुकाबले के पहले ही राउंड से आक्रामक खेल दिखाया और अपने तेज-तर्रार पंचेस से विरोधी मुक्केबाज को कोई मौका नहीं दिया। पूरे मैच में अपना दबदबा बनाए रखते हुए लवलीना ने यह मुकाबला जीतकर भारत की झोली में बॉक्सिंग का स्वर्ण पदक डाल दिया।
रिकर्व तीरंदाजी में ऐतिहासिक स्वर्णिम सफलता और सेलिंग में दो कांस्य
दिन की शुरुआत तीरंदाजी मैदान से भारत के लिए स्वर्णिम खबर के साथ हुई। महिलाओं की रिकर्व टीम स्पर्धा में अंकिता भकत, कीर्ति शर्मा और कुमकुम अनिल मोहत की तिकड़ी ने विपरीत हवाओं के बीच सटीक निशाना साधते हुए मौजूदा विश्व चैंपियन दक्षिण कोरिया को बेहद कड़े मुकाबले में मात देकर स्वर्ण पदक हासिल किया। यह एशियन गेम्स के इतिहास में महिला रिकर्व तीरंदाजी में भारत का पहला स्वर्ण है। इसके बाद भारतीय टीम ने मिक्स्ड रिकर्व स्पर्धा में भी शानदार खेल दिखाते हुए रजत पदक अर्जित किया।
नौकायन (सेलिंग) में भी भारतीय एथलीटों ने चमक बिखेरी:
- महिला डिंगी स्पर्धा: नेत्रा कुमानन ने धैर्यपूर्ण प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक हासिल किया।
- महिला स्किफ स्पर्धा: गुरुवार को चौथे स्थान पर रही हर्षिता तोमर और शीतल वर्मा की भारतीय जोड़ी को पदक मिला, जब प्रतियोगिता के उपरांत चीनी टीम को तकनीकी कारणों से अयोग्य (डिसक्वालिफाई) घोषित कर दिया गया।