नई दिल्ली। संसद के मॉनसून सत्र के दौरान मंगलवार का दिन वित्तीय और विधायी दृष्टि से अहम रहने वाला है। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लोकसभा में कराधान एवं अन्य कानून (संशोधन) विधेयक, 2026 पेश करेंगी। इसके अलावा सदन में अतिरिक्त सरकारी खर्च से जुड़े विनियोग विधेयक, संसदीय समितियों की सिफारिशों पर मंत्रियों के बयान और डिजिटल बैंकिंग व्यवस्था को आधुनिक बनाने वाले एक महत्वपूर्ण विधेयक पर भी चर्चा होगी।
टैक्स और वित्तीय कानूनों में संशोधन का प्रस्ताव
आज पेश किए जाने वाले कराधान एवं अन्य कानून (संशोधन) विधेयक, 2026 का उद्देश्य देश के कई प्रमुख वित्तीय कानूनों में आवश्यक बदलाव करना है। प्रस्तावित संशोधनों में भुगतान एवं निपटान प्रणाली अधिनियम, 2007, आयकर अधिनियम, 2025 और वित्त अधिनियम, 2026 शामिल हैं। सरकार का कहना है कि इन संशोधनों के जरिए कर व्यवस्था और वित्तीय कानूनों को मौजूदा आवश्यकताओं के अनुरूप बनाया जाएगा।
अध्यादेश जारी करने का कारण भी बताएंगी वित्त मंत्री
विधेयक पेश करने से पहले वित्त मंत्री लोकसभा से इसे प्रस्तुत करने की अनुमति मांगेंगी। इसके बाद वह आयकर (संशोधन) अध्यादेश, 2026 जारी किए जाने के कारणों पर हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में विस्तृत व्याख्यात्मक बयान भी सदन के पटल पर रखेंगी।
अतिरिक्त सरकारी खर्च के लिए मांगी जाएगी मंजूरी
लोकसभा में वित्त वर्ष 2022-23 के दौरान स्वीकृत बजट से अधिक हुए सरकारी खर्च को वैधानिक मंजूरी देने के लिए अतिरिक्त अनुदानों की मांगों पर भी चर्चा होगी। चर्चा के बाद वित्त मंत्री विनियोग (संख्या-3) विधेयक, 2026 पेश करेंगी। इस विधेयक के माध्यम से सरकार संसद से उस अतिरिक्त व्यय को औपचारिक स्वीकृति दिलाने का प्रस्ताव रखेगी, जो पहले से स्वीकृत राशि से अधिक रहा था।
संसदीय समितियों की सिफारिशों पर सरकार देगी जानकारी
आज विभिन्न मंत्रालयों से जुड़े संसदीय स्थायी समितियों की सिफारिशों पर हुई कार्रवाई की जानकारी भी सदन में दी जाएगी।
इस दौरान—
- केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग से संबंधित सिफारिशों पर बयान देंगे।
- केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. चंद्रशेखर पेम्मासानी भूमि संसाधन विभाग से जुड़े सुझावों पर सरकार की कार्रवाई की जानकारी देंगे।
- केंद्रीय राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा विभाग से संबंधित सिफारिशों के क्रियान्वयन पर सदन को अवगत कराएंगे।
डिजिटल बैंकिंग को ध्यान में रखकर बदले जाएंगे कानूनी प्रावधान
लोकसभा के एजेंडे में बैंकर्स बुक्स एविडेंस विधेयक, 2026 भी शामिल है। इस विधेयक का उद्देश्य बैंकिंग रिकॉर्ड और डिजिटल दस्तावेजों से जुड़े कानूनी प्रावधानों को आधुनिक बैंकिंग प्रणाली के अनुरूप अपडेट करना है। सरकार का मानना है कि डिजिटल लेनदेन बढ़ने के साथ बैंकिंग साक्ष्यों से जुड़े कानूनों को भी समय के अनुसार संशोधित करना आवश्यक है।
अन्य संसदीय कार्य भी होंगे
दिन की कार्यवाही में नियम 377 के तहत सांसद अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़े मुद्दे भी उठाएंगे। इसके बाद निर्धारित विधायी कार्यों पर चर्चा और अन्य सरकारी कामकाज आगे बढ़ाया जाएगा।
Key Highlights
- वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज लोकसभा में कराधान एवं अन्य कानून (संशोधन) विधेयक, 2026 पेश करेंगी।
- भुगतान एवं निपटान प्रणाली अधिनियम, आयकर अधिनियम और वित्त अधिनियम में संशोधन का प्रस्ताव।
- आयकर संशोधन अध्यादेश पर सरकार सदन में स्पष्टीकरण देगी।
- अतिरिक्त सरकारी खर्च के लिए विनियोग (संख्या-3) विधेयक भी पेश होगा।
- बैंकर्स बुक्स एविडेंस बिल पर चर्चा और पारित कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।