देहरादून : कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी को आय से अधिक संपत्ति मामले में अदालत से नोटिस मिलने के बाद उत्तराखंड की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। मामले को लेकर विपक्ष और राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं शुरू हो गई हैं वहीं भारतीय जनता पार्टी बीजेपी ने इस पूरे घटनाक्रम पर संयमित प्रतिक्रिया दी है।
पक्ष रखने का अधिकार
बीजेपी ने स्पष्ट किया है कि देश में कानून और संविधान से ऊपर कोई नहीं है। पार्टी का कहना है कि हर व्यक्ति को न्यायिक प्रक्रिया के तहत अपना पक्ष रखने का पूरा अधिकार है और इस मामले में भी मंत्री गणेश जोशी अदालत के समक्ष अपना पक्ष रखेंगे।
बीजेपी के प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार ने कहा कि भारतीय संविधान सभी नागरिकों को अपनी बात रखने और न्याय पाने का अधिकार देता है। उन्होंने कहा कि गणेश जोशी स्वयं न्यायालय के सामने अपना पक्ष रखेंगे और उन्हें न्यायिक प्रक्रिया पर पूरा भरोसा है।
जांच के आधार पर अंतिम निर्णय
उन्होंने कहा कि किसी भी मामले में जल्दबाजी में निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है। न्यायालय और संबंधित जांच प्रक्रिया के आधार पर ही किसी भी प्रकरण का अंतिम निर्णय होता है। इसलिए सभी को कानून की प्रक्रिया का सम्मान करना चाहिए।
बीजेपी ने यह भी कहा कि पार्टी न्यायपालिका पर पूरा विश्वास रखती है और मामले को कानूनी प्रक्रिया के अनुसार आगे बढ़ने दिया जाना चाहिए। पार्टी की ओर से यह संदेश दिया गया है कि जांच और न्यायालय की कार्यवाही के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी।
न्यायिक प्रक्रिया पर नजर
गौरतलब है कि गणेश जोशी से जुड़े आय से अधिक संपत्ति मामले में अदालत से नोटिस जारी होने के बाद राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है। अब सभी की नजरें इस मामले में आगे होने वाली न्यायिक प्रक्रिया और मंत्री की ओर से रखे जाने वाले पक्ष पर टिकी हैं।