हरिद्वार : कांवड़ मेला-2026 को स्वच्छ हरित और प्लास्टिक मुक्त बनाने के उद्देश्य से हरिद्वार नगर निगम ने एक अनोखी पहल शुरू की है। नगर निगम की ओर से पूरे कांवड़ मार्ग पर चार ग्रीन चौकियां स्थापित की गई हैं जहां श्रद्धालुओं को सिंगल यूज प्लास्टिक के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। साथ ही श्रद्धालुओं से प्लास्टिक लेकर उसके स्थान पर उन्हें मुफ्त में कम्पोस्टेबल ग्रीन बैग उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
नंदन कुमार के निर्देशन में अभियान
उप नगर आयुक्त नगर निगम हरिद्वार दीपक गोस्वामी ने बताया कि नगर आयुक्त आईएएस नंदन कुमार के निर्देशन में यह अभियान संचालित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कांवड़ मेला-2026 को स्वच्छ हरित और पर्यावरण के अनुकूल बनाने की दिशा में यह अभियान एक महत्वपूर्ण पहल है।
नगर निगम द्वारा स्थापित ग्रीन चौकियां पुल जटवाड़ा कांवड़ पटरी प्रेमनगर ऋषिकुल और सीसीआर चौक पर संचालित की जा रही हैं। इन चौकियों पर तैनात वॉलंटियर्स कांवड़ यात्रियों को सिंगल यूज प्लास्टिक के पर्यावरण गंगा नदी और मानव स्वास्थ्य पर पड़ने वाले हानिकारक प्रभावों के बारे में जानकारी दे रहे हैं।
पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार इस अभियान का उद्देश्य केवल प्लास्टिक का विकल्प उपलब्ध कराना नहीं है बल्कि श्रद्धालुओं और आम लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना भी है। ग्रीन चौकियों के माध्यम से लोगों को प्लास्टिक का उपयोग कम करने और पर्यावरण-अनुकूल विकल्प अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
हरिद्वार नगर निगम का कहना है कि कांवड़ मेला जैसे बड़े धार्मिक आयोजन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आवाजाही होती है जिससे कचरा प्रबंधन और स्वच्छता बनाए रखना बड़ी चुनौती बन जाता है। ऐसे में प्लास्टिक मुक्त अभियान के जरिए स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ गंगा संरक्षण का संदेश भी दिया जा रहा है।
जनआंदोलन के रूप में आगे बढ़ाने का प्रयास
नगर निगम की यह पहल अब केवल प्लास्टिक बदलने तक सीमित नहीं रह गई है बल्कि इसे पर्यावरण संरक्षण के जनआंदोलन के रूप में आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन को उम्मीद है कि श्रद्धालुओं और आम नागरिकों के सहयोग से कांवड़ मेला-2026 को स्वच्छ और हरित आयोजन के रूप में सफल बनाया जा सकेगा।