हरिद्वार पतंजलि योगपीठ के निकट स्थित सुरक्षा एनक्लेव अहमदपुर ग्रांट और सहदेवपुर क्षेत्र में लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान को लेकर प्रशासन ने गंभीरता से कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए कार्ययोजना तैयार की जा रही है।
वैभव गुप्ता ने की बैठक
इस संबंध में जिला आपदा प्रबंधन सभागार में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व वैभव गुप्ता की अध्यक्षता में संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में क्षेत्र में जलभराव की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई और समस्या के स्थायी समाधान के लिए आवश्यक कार्यों पर चर्चा की गई।
बैठक में सुरक्षा एनक्लेव क्षेत्र में जल निकासी व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पंपिंग स्टेशन स्थापित करने और करीब 700 मीटर लंबे नाले के निर्माण की योजना पर विचार किया गया। इसके लिए सिंचाई विभाग रुड़की को विस्तृत परियोजना रिपोर्ट डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। डीपीआर तैयार होने के बाद हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण एचआरडीए द्वारा पंपिंग स्टेशन का निर्माण कराया जाएगा।
जल निकासी की व्यवस्था
अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जब तक स्थायी समाधान की व्यवस्था पूरी नहीं हो जाती तब तक तहसील रुड़की क्षेत्र में पंपों के माध्यम से जल निकासी की व्यवस्था लगातार जारी रखी जाए ताकि स्थानीय लोगों को जलभराव की समस्या से राहत मिल सके।
बैठक में अहमदपुर ग्रांट और सहदेवपुर क्षेत्रों में जलभराव के अन्य कारणों पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि इन क्षेत्रों में अतिक्रमण हटाने जल चैनलाइजेशन पुलिया निर्माण और नालों की सफाई का कार्य आपसी समन्वय के साथ शीघ्र पूरा किया जाए।
विभाग उठाएंगे प्रभावी कदम
अपर जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि सभी कार्यों में समयबद्धता और गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि जलभराव जैसी समस्या के स्थायी समाधान के लिए सभी विभागों को मिलकर प्रभावी कदम उठाने होंगे जिससे आमजन को लंबे समय तक राहत मिल सके।
बैठक में सिंचाई विभाग एचआरडीए नगर निकाय एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि क्षेत्रवासियों की समस्या के समाधान के लिए आवश्यक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा।