गर्मी के मौसम में तेज धूप और बढ़ते तापमान के कारण जंगलों में मौजूद प्राकृतिक जल स्रोत जैसे तालाब और छोटी नदियां सूखने लगती हैं। इसका सीधा असर वन्य जीवों पर पड़ता है जिन्हें पानी की तलाश में भटकना पड़ता है और कई बार वे आबादी की ओर रुख कर लेते हैं। ऐसे में बड़कोट वन रेंज में वन विभाग ने वन्य जीवों को राहत देने के लिए प्रभावी कदम उठाए हैं।
क्षेत्र में बनाए गए तालाब
वन विभाग द्वारा क्षेत्र में बनाए गए कृत्रिम तालाबों जिन्हें वाटर हॉल कहा जाता है में नियमित रूप से पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। इन वाटर हॉल में टैंकरों के माध्यम से पानी भरा जा रहा है जिससे जंगल में रहने वाले जानवरों को वहीं पानी मिल सके और उन्हें बाहर आने की जरूरत न पड़े। इस कार्य में सामाजिक कार्यकर्ताओं जनप्रतिनिधियों और विभिन्न सामाजिक संस्थाओं का भी सहयोग मिल रहा है।
बड़कोट वन रेंज अधिकारी गणेश उनियाल ने बताया कि रेंज में पहले से बने सभी वाटर हॉल को भरवाकर उनकी लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। विभाग का उद्देश्य है कि किसी भी वन्य जीव को पानी की कमी के कारण इधर-उधर भटकना न पड़े और वह जंगल में ही अपनी प्यास बुझा सके।
रेंज में 5 फायर क्रू स्टेशन स्थापित
इसके साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि गर्मी बढ़ने के साथ जंगलों में आग लगने की घटनाएं भी बढ़ जाती हैं। इस खतरे से निपटने के लिए रेंज में 5 फायर क्रू स्टेशन स्थापित किए गए हैं जो किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई के लिए तैयार रहते हैं।
वन विभाग ने आम लोगों से भी अपील की है कि वे जंगलों में आग न लगाएं और यदि कहीं आग लगने की घटना दिखाई दे तो तुरंत नजदीकी फायर क्रू स्टेशन को इसकी सूचना दें ताकि समय रहते आग पर काबू पाया जा सके और वन्य जीवों व पर्यावरण की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।