कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के ऐतिहासिक 92% मतदान के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार सुबह कोलकाता के एक निजी होटल में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। शाह ने आत्मविश्वास के साथ दावा किया कि पहले चरण की 152 सीटों में से भाजपा 110 से अधिक सीटें जीतने जा रही है।
"तृणमूल जा रही है, भाजपा आ रही है"
अमित शाह ने भारी मतदान प्रतिशत को सत्ता परिवर्तन का संकेत बताते हुए कहा:
"इतने सालों बाद बंगाल में बिना किसी मौत और हिंसा के शांतिपूर्ण मतदान हुआ है। यह मतदान प्रतिशत बताता है कि जनता भ्रष्टाचार, गुंडागर्दी और कटमनी से मुक्ति चाहती है। यह साफ है—तृणमूल जा रही है और भाजपा आ रही है।"
बंगाली मुख्यमंत्री ही संभालेगा कमान
विपक्ष के 'बाहरी' होने के आरोपों पर कड़ा प्रहार करते हुए शाह ने स्पष्ट किया कि यदि भाजपा सत्ता में आती है, तो बंगाल की मिट्टी में पला-बढ़ा कोई बंगाली ही मुख्यमंत्री बनेगा।** उन्होंने इसे विरोधियों द्वारा फैलाया गया महज एक 'प्रोपेगेंडा' करार दिया।
शाह के संबोधन की 5 बड़ी बातें:
1. महिला सुरक्षा और बिल: शाह ने कहा कि टीएमसी ने महिला आरक्षण बिल का विरोध किया था, जिसका जवाब बंगाल की महिलाएं वोट से दे रही हैं। भाजपा सत्ता में आकर महिला सुरक्षा और घुसपैठ मुक्त बंगाल सुनिश्चित करेगी।
2. भ्रष्टाचार पर वार: "तृणमूल ने भ्रष्टाचार को संस्थागत (Institutionalize) रूप दे दिया है। हम सिंडिकेट राज और प्रशासन पर राजनीतिक दबाव को खत्म करेंगे।"
3. EVM विवाद: कुछ जगहों पर EVM बदले जाने की शिकायतों पर शाह ने कहा कि भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने चुनाव आयोग को अपनी चिंताओं से अवगत करा दिया है।
4. रोड शो का भावुक अनुभव: शाह ने मध्यमग्राम के रोड शो का जिक्र करते हुए बताया कि कैसे एक बुजुर्ग महिला ने उन्हें आशीर्वाद दिया। उन्होंने कहा, "जनता का यह प्यार ही विरोधियों की गालियों को सहने की शक्ति देता है।"
5. परिवर्तन का अर्थ: शाह ने जोर देकर कहा कि परिवर्तन का मतलब केवल विधायक बदलना नहीं, बल्कि बंगाल के विकास की यात्रा को मोदी जी के नेतृत्व में देश के विकास से जोड़ना है।
अगले चरण के लिए संदेश
आगामी 29 तारीख को होने वाले दूसरे और अंतिम चरण के मतदान (142 सीटें) के लिए शाह ने मतदाताओं से निर्भीक होकर बाहर आने की अपील की। उन्होंने चुनाव आयोग, केंद्रीय बलों और राज्य पुलिस को बिना किसी रक्तपात के चुनाव कराने के लिए धन्यवाद दिया। शाह ने अंत में चुटकी लेते हुए कहा, "ममता जी झालमुड़ी खाएं तो ठीक, लेकिन मोदी जी खाएं या गंगा में नौका विहार करें तो आपत्ति क्यों?"