कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के बीच चुनाव आयोग ने डायमंड हार्बर पुलिस जिले के कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। आयोग ने एडिशनल एसपी, एसडीपीओ, डायमंड हार्बर थाना प्रभारी, फाल्टा थाना प्रभारी और उस्ती थाना प्रभारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए हैं।
कानून-व्यवस्था में लापरवाही पर सख्त कदम
भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी आधिकारिक पत्र के अनुसार, इन अधिकारियों पर चुनाव के दौरान निष्पक्षता बनाए रखने में विफलता, गंभीर कदाचार और कानून-व्यवस्था की स्थिति को सामान्य बनाए रखने में लापरवाही के आरोप लगे हैं। आयोग ने इन अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने और विभागीय जांच शुरू करने की सिफारिश की है।
किन अधिकारियों पर गिरी गाज
कार्रवाई की जद में आने वाले अधिकारियों में एडिशनल एसपी संदीप गराई, डायमंड हार्बर के एसडीपीओ साजल मंडल, डायमंड हार्बर पुलिस स्टेशन की आईसी मौसम चक्रवर्ती, फाल्टा थाना प्रभारी अजय बाग और उस्ती थाना प्रभारी शुभेच्छा बाग शामिल हैं।

SP ईशानी पाल को चेतावनी
चुनाव आयोग ने डायमंड हार्बर की पुलिस अधीक्षक (SP) डॉ. ईशानी पाल को भी चेतावनी जारी की है। आयोग ने कहा कि अपने अधीनस्थ अधिकारियों के अनुशासन और निष्पक्षता सुनिश्चित करने में विफल रहने के कारण उन्हें यह चेतावनी दी गई है।
मुख्य सचिव को दिए सख्त निर्देश
आयोग ने पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिव को निर्देश दिया है कि इन अधिकारियों के खिलाफ तुरंत अनुशासनात्मक कार्रवाई लागू की जाए और 25 अप्रैल 2026 सुबह 11 बजे तक अनुपालन रिपोर्ट आयोग को भेजी जाए। इस कार्रवाई के बाद पश्चिम बंगाल की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। चुनावी माहौल के बीच आयोग की इस सख्ती को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।