नंदीग्राम: पश्चिम बंगाल के पूर्व मेदिनीपुर जिले के नंदीग्राम में 80 वर्षीय एक बुजुर्ग के सलिसी सभा में कथित तौर पर अपमानित किए जाने के बाद जहर खाने का मामला सामने आया है। बुजुर्ग की पहचान बुलाश्याम मंडल के रूप में हुई है। उन्हें गंभीर हालत में नंदीग्राम सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। परिवार का आरोप है कि एक महिला के साथ कथित तौर पर अशोभनीय व्यवहार करने का आरोप लगाकर बुजुर्ग को स्थानीय बाजार कमेटी के कुछ सदस्यों ने सलिसी सभा में बुलाया और वहां अपमानित किया। परिवार ने यह भी दावा किया है कि उन पर ₹10,000 का जुर्माना लगाया गया। हालांकि, जिस महिला को कथित घटना से जोड़ा जा रहा है, उसने खुद सामने आकर कहा है कि बुजुर्ग ने उसके साथ कोई गलत व्यवहार नहीं किया था और उसकी ओर से कोई शिकायत भी नहीं की गई थी।
हंसी-मजाक को बनाया कथित दुर्व्यवहार का मामला
स्थानीय रिपोर्ट के मुताबिक, करीब दो महीने पहले सोनाचूड़ा बाजार में बुजुर्ग की रिश्ते में नातिन लगने वाली करीब 24 वर्षीय महिला से बातचीत और हंसी-मजाक हुआ था। परिवार का आरोप है कि बाद में बाजार कमेटी के चार सदस्यों ने इस बातचीत को अशोभनीय व्यवहार का मामला बताते हुए बुजुर्ग को सलिसी सभा में बुलाया। वहां उनके साथ कथित तौर पर अपमानजनक व्यवहार किया गया और आर्थिक दंड भी लगाया गया। घटना के बाद घर लौटे बुजुर्ग ने कथित तौर पर जहर खा लिया। उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
महिला ने कहा- ‘दादाजी के खिलाफ मेरी कोई शिकायत नहीं’
मामले में सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि जिस महिला को कथित दुर्व्यवहार का केंद्र बताया जा रहा है, उसने खुद बुजुर्ग के खिलाफ किसी शिकायत से इनकार किया है। महिला ने स्थानीय मीडिया से कहा कि वह बचपन से बुजुर्ग के साथ हंसी-मजाक करती रही है। उसके मुताबिक, सोनाचूड़ा बाजार में भी उनके बीच सामान्य बातचीत और मजाक हुआ था, जिसमें उसे कुछ भी आपत्तिजनक नहीं लगा। महिला ने आरोप लगाया कि बाद में कुछ लोगों ने इस सामान्य बातचीत को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया और बुजुर्ग को सलिसी सभा में बुलाकर अपमानित किया।
परिवार ने लगाए वसूली के आरोप
बुलाश्याम मंडल के बेटे भूदेव मंडल ने मामले को लेकर नंदीग्राम थाने में शिकायत दर्ज कराई है। परिवार ने बाजार कमेटी के चार सदस्यों पर बुजुर्ग को प्रताड़ित करने और पैसे वसूलने का आरोप लगाया है। रिपोर्ट के मुताबिक, शिकायत में चंदन मंडल, बेणीमाधव मंडल, लक्ष्मीकांत मन्ना और हिमांशु मन्ना के नाम सामने आए हैं। परिवार का दावा है कि बुजुर्ग से ₹10,000 जुर्माना लिया गया और अपमानजनक व्यवहार किया गया। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
बाजार कमेटी ने आरोपों से किया इनकार
सोनाचूड़ा बाजार कमेटी के सदस्य और पूर्व सचिव कुशध्वज मंडल ने जुर्माना वसूले जाने और तोलाबाजी के आरोपों से इनकार किया है। उनका कहना है कि मामले को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है। उन्होंने यह भी दावा किया कि बुजुर्ग ने खुद कथित तौर पर अपनी गलती स्वीकार की थी। वहीं, बाजार के कुछ दुकानदारों ने भी घटना की आलोचना की है और ऐसे मामलों में जबरन वसूली के आरोपों की जांच की मांग की है।
पुलिस ने शुरू की जांच
हलकिया पुलिस अधिकारी ने बताया कि परिवार की ओर से लिखित शिकायत मिली है और मामले की जांच की जा रही है। हलकिया के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विवेक कुमार वर्मा के अनुसार, शिकायत के आधार पर घटना की जांच के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि सलिसी सभा में वास्तव में क्या हुआ, क्या बुजुर्ग पर कोई जुर्माना लगाया गया था और उनके साथ कथित तौर पर किस तरह का व्यवहार किया गया। मामले में लगाए गए आरोपों की जांच पूरी होने तक किसी व्यक्ति को दोषी ठहराना उचित नहीं होगा।