सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ खुला। पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव, अमेरिका-ईरान शांति वार्ता में अनिश्चितता और कमजोर मानसून की आशंकाओं ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी, जिसका असर बाजार पर साफ दिखाई दिया। कारोबार की शुरुआत में ही प्रमुख सूचकांकों में बिकवाली हावी रही और बाजार लाल निशान में पहुंच गया।
सेंसेक्स और निफ्टी में शुरुआती गिरावट
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 322 अंकों यानी 0.43 प्रतिशत की गिरावट के साथ 73,945.20 पर खुला। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 इंडेक्स 153.45 अंक यानी 0.65 प्रतिशत टूटकर 23,229.15 के स्तर पर खुला। सुबह करीब 9:18 बजे तक सेंसेक्स 437.97 अंक गिरकर 73,829.37 पर कारोबार कर रहा था, जबकि निफ्टी 134.30 अंक की कमजोरी के साथ 23,259.70 पर पहुंच गया।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी बिकवाली
केवल बड़ी कंपनियों के शेयर ही नहीं, बल्कि व्यापक बाजार में भी कमजोरी देखने को मिली। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स लगभग 0.95 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स 0.96 प्रतिशत तक टूट गया। विशेषज्ञों का मानना है कि निवेशक फिलहाल जोखिम लेने से बच रहे हैं और वैश्विक परिस्थितियों पर नजर बनाए हुए हैं।
ऑटो, रियल्टी और बैंकिंग शेयरों पर दबाव
- सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो अधिकांश सेक्टर लाल निशान में कारोबार करते नजर आए।
- निफ्टी ऑटो में करीब 1 प्रतिशत की गिरावट
- निफ्टी रियल्टी में लगभग 1 प्रतिशत की कमजोरी
- निफ्टी केमिकल्स में गिरावट
- प्राइवेट बैंक और पीएसयू बैंक शेयरों में बिकवाली
- सीमेंट और मीडिया सेक्टर भी दबाव में रहे
- कमजोर मानसून की संभावना और ग्रामीण मांग को लेकर बढ़ती चिंताओं ने कई सेक्टरों को प्रभावित किया।
आईटी सेक्टर बना बाजार का सहारा
जहां अधिकांश सेक्टर दबाव में रहे, वहीं आईटी शेयरों ने बाजार को कुछ राहत दी। निफ्टी आईटी इंडेक्स करीब 2 प्रतिशत की मजबूती के साथ कारोबार करता दिखाई दिया। निवेशकों ने टेक्नोलॉजी कंपनियों में खरीदारी दिखाई, जिससे इंफोसिस, टीसीएस, टेक महिंद्रा और एचसीएल टेक जैसे शेयरों में तेजी देखने को मिली। मेटल सेक्टर के कुछ शेयरों ने भी सकारात्मक प्रदर्शन किया।
इन शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट
- निफ्टी-50 में सबसे अधिक नुकसान उठाने वाले प्रमुख शेयरों में शामिल रहे—
- बजाज फाइनेंस
- बजाज फिनसर्व
- मैक्स हेल्थ
- इटरनल
- एचडीएफसी लाइफ
- पावरग्रिड
- श्रीराम फाइनेंस
- इन शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान तेज बिकवाली देखी गई।
इन शेयरों ने दिखाई मजबूती
- बाजार की कमजोरी के बावजूद कुछ शेयरों में अच्छी बढ़त दर्ज की गई।
- इंफोसिस
- टीसीएस
- टेक महिंद्रा
- एचसीएल टेक
- हिंडाल्को
- इन कंपनियों के शेयरों में निवेशकों ने खरीदारी दिखाई, जिससे आईटी सेक्टर को मजबूती मिली।
इंडिया VIX में गिरावट
बाजार में उतार-चढ़ाव को मापने वाला इंडिया VIX इंडेक्स 2 प्रतिशत से अधिक गिरकर 16 के स्तर पर आ गया। हालांकि बाजार में गिरावट रही, लेकिन VIX में कमी यह संकेत देती है कि निवेशक फिलहाल घबराहट की स्थिति में नहीं हैं और बाजार की दिशा को लेकर सतर्क रुख अपना रहे हैं।
कच्चे तेल की कीमतों में नरमी
- अंतरराष्ट्रीय कमोडिटी बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में हल्की गिरावट देखने को मिली।
- ब्रेंट क्रूड 0.67 प्रतिशत गिरकर 94.34 डॉलर प्रति बैरल
- WTI क्रूड 0.75 प्रतिशत गिरकर 91.46 डॉलर प्रति बैरल
- तेल की कीमतों में नरमी भारत जैसे आयातक देशों के लिए राहत की खबर मानी जा रही है।
कमजोर मानसून की आशंका ने बढ़ाई चिंता
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा अनुमान के अनुसार इस वर्ष मानसून सामान्य स्तर का केवल 90 प्रतिशत रहने की संभावना है। यदि यह अनुमान सही साबित होता है तो कृषि उत्पादन, ग्रामीण मांग और खाद्य महंगाई पर असर पड़ सकता है। मौसम विभाग ने इसे पिछले 11 वर्षों का सबसे कमजोर मानसून होने की आशंका जताई है। इसी वजह से कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़े शेयरों में दबाव देखने को मिल रहा है।
निवेशकों की नजर वैश्विक और घरेलू संकेतों पर
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में अमेरिका-ईरान संबंध, कच्चे तेल की कीमतें, मानसून की प्रगति और विदेशी निवेशकों की गतिविधियां भारतीय शेयर बाजार की दिशा तय करेंगी। फिलहाल निवेशक सतर्कता के साथ बाजार में कदम रख रहे हैं और वैश्विक संकेतों पर नजर बनाए हुए हैं।