दया ही दुख का कारण है, यह पुरानी कहावत अब इंदौर में चरितार्थ होती नजर आएगी। यहां भीख देना अबसे आपको ही भारी पड़ सकता है, क्योंकि इंदौर कलेक्टर ने अब भीख लेने वाले के बजाए भीख देने वालें शख्स के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए प्रतिबंधित धारा 144 का आदेश जारी किया जा रहा है।
केंद्र सरकार ने इंदौर समेत देश के कुछ शहरों को भिक्षावृत्ति मुक्त बनाने की योजना बनाई है। पिछले कई दिनों से नगर निगम और संस्था प्रवेश के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में भिक्षुकों पर कार्रवाई कर रहे हैं। इसके बावजूद कई मंदिरों और चौराहों पर भिक्षु नजर आ रहे हैं। इस बारे में कलेक्टर आशीष सिंह ने प्रशासनिक संकुल में बैठक ली। बैठक में निगमायुक्त शिवम वर्मा, स्मार्ट सिटी सीईओ दिव्यांक सिंह आदि मौजूद थे। सिंह ने कहा कि मंदिरों और चौराहों पर भिक्षुकों को दान देने वालों पर भी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का मानना है कि ऐसे लोग ही भिक्षुओं को सुधरने का मौका नहीं दे रहे हैं।
भिक्षावृत्ति से इंदौर शहर को मुक्त करने की दिशा में प्रशासन ने बड़ा कदम, प्रतिबंधित धारा के तहत होगी कार्रवाई। जारी हुआ आदेश