कांग्रेस के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी पदभार ग्रहण करते ही एक्शन मोड में दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने सभी विभागों से पिछले पांच साल के अपने कामों की रिपोर्ट मांग ली है। वे 24 दिसंबर से लगातार चार दिनों तक संगठन की समीक्षा करेंगे। वे सभी विभाग और विंग के साथ अलग अलग चर्चा कर उनसे जमीनी हकीकत जानेंगे। पटवारी की इन बैठकों के बाद कांग्रेस में एक बड़ी सर्जरी देखने को मिल सकती है।
ये बैठकें दो चरणों में होंगी
प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित की गई ये बैठकें दो चरणों में होंगी। प्रत्येक दिन दो अलग अलग विभागों की बैठक होगी। जहां एक विभाग की बैठक सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक होगी तो वहीं दूसरे विभाग की बैठक दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक होगी। पहले दिन 24 दिसंबर को महिला कांग्रेस और युवा कांग्रेस की बैठक लेंगे। इसके बाद दूसरे दिन 25 को एनएसयूआई और सेवा दल की बैठक होगी। तीसरे दिन 26 को जिला अध्यक्ष, प्रभारी और प्रदेश पदाधिकारियों के साथ बैठक करेंगे। चौथे और अंतिम दिन 27 दिसंबर को सभी विभाग और प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्षों के साथ बैठक होगी।लोकसभा चुनाव की तैयारी
विधानसभा चुनाव में मिली हार से उभरकर कांग्रेस लोकसभा पर ध्यान लगाना चाहती है। ऐसे में पटवारी ने इसकी शुरुआत संगठन में कसावट के साथ की है। सगंठन बैठक के बाद पटवारी प्रदेश का दौरा करेंगे। लोकसभा चुनाव में पार्टी को अधिक से अधिक सीटें मिलें नए प्रदेश अध्यक्ष की प्राथमिकता में है। वर्तमान में कांग्रेस के पास प्रदेश में 29 में से सिर्फ एक ही सीट है। ऐसे में इन सीटों की संख्या बढ़ाना पटवारी के लिए बड़ी चुनौती है।Read More: कटनी पहुंचे पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान, कहा- मोहन यादव के नेतृत्व में MP छुएगा विकास की नई ऊंचाई
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