CG Weather Alert: छत्तीसगढ़ में मानसून की सक्रियता के बीच मौसम विभाग ने प्रदेश के कई हिस्सों के लिए अगले कुछ घंटों का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले 3 घंटे के दौरान कई जिलों में तेज बारिश, गरज-चमक और आकाशीय बिजली की स्थिति बन सकती है। इसके साथ ही कुछ इलाकों में तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है। मौसम विभाग ने जिन क्षेत्रों के लिए चेतावनी जारी की है, वहां हवा की रफ्तार 30 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। अचानक मौसम खराब होने की स्थिति में लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। खास तौर पर खुले इलाकों, पेड़ों, बिजली के खंभों और कमजोर संरचनाओं से दूरी बनाए रखने को कहा गया है। किसानों को भी गरज-चमक और बिजली गिरने के दौरान खेतों में काम नहीं करने की सलाह दी गई है।
महासमुंद से कोरबा तक ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग ने छत्तीसगढ़ के कई जिलों के कुछ हिस्सों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इस चेतावनी के दायरे में महासमुंद, बलौदाबाजार, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर और कोरबा शामिल हैं। इन क्षेत्रों में मौसम तेजी से बदल सकता है। विभाग के अनुसार यहां गरज-चमक के साथ बारिश होने और तेज हवाएं चलने की संभावना है। ऑरेंज अलर्ट वाले इलाकों में हवा की गति करीब 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। ऐसे में खुले स्थानों पर मौजूद लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत है। तेज हवा के साथ बारिश और बिजली गिरने की स्थिति में स्थानीय स्तर पर पेड़ गिरने, बिजली आपूर्ति प्रभावित होने या सड़क पर आवाजाही में परेशानी जैसी स्थितियां पैदा हो सकती हैं।
रायपुर समेत इन जिलों में भी मौसम खराब रहने की संभावना
राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के कई अन्य जिलों के लिए भी मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है। इन क्षेत्रों में अगले कुछ घंटों के दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने के साथ बारिश और गरज-चमक हो सकती है। इस चेतावनी में सुकमा, बीजापुर, दंतेवाड़ा, बस्तर, नारायणपुर, कोंडागांव, कांकेर, धमतरी, बालोद, राजनांदगांव, गरियाबंद, रायपुर, महासमुंद, बलौदाबाजार, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर और कोरबा शामिल हैं। इसके अलावा जशपुर, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, दुर्ग, बेमेतरा, कबीरधाम, मुंगेली, सरगुजा, सूरजपुर, कोरिया और बलरामपुर में भी तेज हवा, बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई गई है। इन क्षेत्रों में मौसम अचानक बदलने की स्थिति बन सकती है। इसलिए लोगों को अलर्ट अवधि के दौरान स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
आकाशीय बिजली को लेकर भी चेतावनी
बारिश के साथ सबसे बड़ा खतरा आकाशीय बिजली का रहता है। मौसम विभाग ने कई जिलों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना जताई है। ऐसे मौसम में खुले मैदान, खेत, तालाब, नदी या अन्य खुले स्थानों पर खड़ा रहना जोखिम भरा हो सकता है। खासकर बिजली चमकने और तेज गर्जना के दौरान लोगों को सुरक्षित स्थान पर जाने की सलाह दी गई है। बिजली गिरने की घटनाओं से बचने के लिए पेड़ के नीचे खड़े होने से भी बचना चाहिए। इसी तरह बिजली के खंभों, ट्रांसफॉर्मर और अन्य विद्युत उपकरणों के आसपास अनावश्यक रूप से जाने से बचने की जरूरत है।
60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है हवा की रफ्तार
ऑरेंज अलर्ट वाले इलाकों में मौसम की स्थिति ज्यादा गंभीर हो सकती है। यहां हवा की गति 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है। तेज हवाओं के दौरान घरों की छतों पर रखी हल्की वस्तुएं, अस्थायी होर्डिंग, टीन शेड या कमजोर ढांचे प्रभावित हो सकते हैं। इसलिए लोगों को तेज हवा शुरू होने से पहले जरूरी सामान सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है। वहीं येलो अलर्ट वाले क्षेत्रों में भी 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की संभावना है।
खराब मौसम में घर से निकलने से बचें
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि यदि जरूरी काम न हो तो अलर्ट के दौरान बाहर निकलने से बचें। बारिश और तेज हवा के दौरान सड़क पर वाहन चलाते समय भी सावधानी बरतना जरूरी है। दृश्यता कम होने और सड़क पर पानी जमा होने की स्थिति में दुर्घटना का खतरा बढ़ सकता है। दोपहिया वाहन चालकों को विशेष सतर्कता बरतनी चाहिए। तेज हवा और बारिश के दौरान पेड़ों या बिजली के तारों के आसपास से गुजरने से बचना चाहिए।
किसानों के लिए भी जारी की गई सावधानी
मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए किसानों को भी विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। गरज-चमक और आकाशीय बिजली के दौरान किसानों को खेत में काम करने से बचने की सलाह दी गई है। यदि किसान खेत में मौजूद हैं और अचानक मौसम खराब होता है, तो उन्हें जल्द से जल्द किसी सुरक्षित और पक्के स्थान पर पहुंचना चाहिए। कृषि उपकरणों को भी खुले खेत में छोड़ने के बजाय सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है। विशेषज्ञों के अनुसार आकाशीय बिजली के दौरान खेत, पेड़ के नीचे या खुले स्थान में मौजूद रहना खतरनाक हो सकता है। इसलिए मौसम साफ होने तक सुरक्षित स्थान पर रहना बेहतर है।
बिजली और तेज हवा के दौरान इन बातों का रखें ध्यान
तेज बारिश और आकाशीय बिजली के दौरान कुछ सामान्य सावधानियां अपनाकर जोखिम को कम किया जा सकता है। लोगों को पेड़ के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। बिजली के खंभों और खुले विद्युत तारों से दूरी बनाए रखना जरूरी है। घर से बाहर होने की स्थिति में किसी सुरक्षित इमारत में शरण लेना बेहतर विकल्प है। यदि घर में बिजली के उपकरणों से संबंधित कोई समस्या हो तो बारिश और बिजली गिरने के दौरान उन्हें छूने से बचना चाहिए।
मौसम विभाग की चेतावनी को गंभीरता से लेने की जरूरत
छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में बारिश के साथ तेज हवा और आकाशीय बिजली की संभावना को देखते हुए प्रशासन और आम लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। खासकर ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखना जरूरी है। वहीं येलो अलर्ट वाले जिलों में भी लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, क्योंकि गरज-चमक के साथ अचानक तेज बारिश और हवा की स्थिति बन सकती है। मौसम विभाग की ओर से जारी चेतावनी अगले कुछ घंटों के मौसम को लेकर है। इसलिए लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग के ताजा अपडेट पर नजर बनाए रखनी चाहिए।