विद्यार्थियों में विधिक जागरूकता विकसित करने, साइबर अपराधों और महिला संबंधी अपराधों के प्रति सजगता बढ़ाने के उद्देश्य से रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने "संवाद से समाधान" अभियान के तहत स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, मोवा में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। यह कार्यक्रम पुलिस आयुक्त डॉ. संजीव शुक्ला के मार्गदर्शन में और पुलिस उपायुक्त (उत्तर) श्रीमती दीपमाला कश्यप के निर्देशन में संपन्न हुआ।
अधिकारियों ने कानून और जिम्मेदार नागरिक बनने का दिया संदेश
कार्यक्रम में पुलिस उपायुक्त (उत्तर) श्रीमती दीपमाला कश्यप, सहायक पुलिस आयुक्त पंडरी श्री कृष्ण कुमार चंद्राकर और थाना प्रभारी पंडरी श्री परेश पांडे उपस्थित रहे। अधिकारियों ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए उन्हें कानून के प्रति जागरूक, अनुशासित और जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया।
नए आपराधिक कानूनों की दी सरल जानकारी
अपने संबोधन में डीसीपी दीपमाला कश्यप ने भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम की प्रमुख विशेषताओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नए आपराधिक कानून न्याय व्यवस्था को अधिक प्रभावी, त्वरित और पीड़ित-केंद्रित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। साथ ही विद्यार्थियों से कानून का सम्मान करने और मोबाइल का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग करने की अपील की।
साइबर अपराधों से बचाव के बताए प्रभावी उपाय
कार्यक्रम के दौरान डिजिटल अरेस्ट, फर्जी कॉल, ओटीपी फ्रॉड, फिशिंग लिंक, ऑनलाइन गेमिंग, साइबर बुलिंग और सोशल मीडिया के दुरुपयोग जैसे साइबर अपराधों से बचाव के उपाय विस्तार से बताए गए। विद्यार्थियों को राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930, डायल-112 और पिंक पेट्रोलिंग सहित विभिन्न आपातकालीन सेवाओं की जानकारी भी दी गई।
महिला सुरक्षा, यातायात नियम और नशामुक्त जीवन पर जोर
अधिकारियों ने महिला एवं बाल सुरक्षा, महिला संबंधी अपराधों से जुड़े कानूनी प्रावधान, यातायात नियमों का पालन, हेलमेट और सीट बेल्ट के अनिवार्य उपयोग तथा नाबालिगों द्वारा वाहन नहीं चलाने के संबंध में विद्यार्थियों को जागरूक किया। साथ ही नशे के दुष्परिणाम बताते हुए स्वस्थ और नशामुक्त जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
विद्यार्थियों ने पूछे सवाल, पुलिस ने दिए व्यवहारिक जवाब
संवादात्मक शैली में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने नए कानूनों, साइबर सुरक्षा, महिला सुरक्षा और पुलिस व्यवस्था से जुड़े कई प्रश्न पूछे। अधिकारियों ने सभी सवालों के सरल, व्यवहारिक और तथ्यपरक उत्तर देकर उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया।
विद्यालय प्रबंधन ने की पहल की सराहना
कार्यक्रम में विद्यालय के प्राचार्य श्री मंगेश कुमार कुलकर्णी, शिक्षक-शिक्षिकाएं और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। विद्यालय प्रबंधन ने रायपुर पुलिस कमिश्नरेट की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में विधिक जागरूकता, डिजिटल सुरक्षा, अनुशासन, आत्मविश्वास और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
रायपुर पुलिस की नागरिकों से अपील
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने नागरिकों से नए आपराधिक कानूनों का पालन करने, सोशल मीडिया का सुरक्षित एवं जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग करने तथा साइबर अपराध, महिला संबंधी अपराध या किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल निकटतम पुलिस थाना, डायल-112 या राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर देने की अपील की।