खंडवा। सावन माह की शुरुआत के साथ ही मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग ओंकारेश्वर धाम में श्रद्धालुओं की संख्या तेजी से बढ़ने लगी है। हर साल की तरह इस बार भी लाखों शिवभक्त जलाभिषेक और दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। बढ़ती भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन और ओंकारेश्वर मंदिर ट्रस्ट ने दर्शन व्यवस्था, ट्रैफिक प्रबंधन और पार्किंग सिस्टम में बड़े बदलाव किए हैं। खंडवा कलेक्टर ऋषव गुप्ता की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में तय किया गया कि नई व्यवस्था अगले दो से तीन दिनों में पूरी तरह लागू कर दी जाएगी। प्रशासन का कहना है कि इसका उद्देश्य श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित दर्शन कराना है।
सामान्य श्रद्धालुओं के लिए क्या बदला?
भीड़ नियंत्रण को ध्यान में रखते हुए सामान्य श्रद्धालुओं के प्रवेश और निकास का नया रूट तय किया गया है। सामान्य श्रद्धालुओं को सुखदेव मुनि द्वार से प्रवेश दिया जाएगा। यहां से सीढ़ियों के माध्यम से मंदिर तक पहुंचकर श्रद्धालु गर्भगृह से लगभग 10 फीट की दूरी से भगवान ओंकारेश्वर के दर्शन कर सकेंगे। दर्शन के बाद निकासी चांदी गेट से होगी और श्रद्धालु झूला पुल मार्ग की ओर जाएंगे। प्रशासन का मानना है कि इससे गर्भगृह के आसपास भीड़ का दबाव कम होगा और दर्शन व्यवस्था अधिक व्यवस्थित रहेगी।
VIP और शीघ्र दर्शन के लिए अलग व्यवस्था
VIP, प्रोटोकॉल और शीघ्र दर्शन पासधारकों के लिए अलग प्रवेश और निकास मार्ग निर्धारित किया गया है। वर्तमान एग्जिट गेट को अब प्रोटोकॉल द्वार बनाया गया है। इसी मार्ग से VIP और शीघ्र दर्शन वाले श्रद्धालुओं को प्रवेश मिलेगा, जबकि निकासी लकड़ी गेट से होगी। इस व्यवस्था का उद्देश्य सामान्य और विशेष श्रेणी के श्रद्धालुओं की कतारों को अलग रखना है, ताकि अनावश्यक भीड़ न बने।
सावन में पूरे नगर में लागू होगा वन-वे ट्रैफिक प्लान
सावन के दौरान ओंकारेश्वर नगर की संकरी सड़कों पर जाम की स्थिति से बचने के लिए पुलिस ने वन-वे ट्रैफिक प्लान लागू करने का निर्णय लिया है। नई व्यवस्था के तहत बाहरी निजी वाहनों को सीधे शहर में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। सभी वाहनों को शहर के बाहर निर्धारित पार्किंग स्थलों पर खड़ा करना होगा। वहां से श्रद्धालु पैदल या स्थानीय परिवहन साधनों के जरिए मंदिर तक पहुंचेंगे। प्रशासन का कहना है कि इससे ट्रैफिक दबाव कम होगा और आपातकालीन सेवाओं के संचालन में भी सुविधा रहेगी।
टिकट काउंटर भी बदला गया
श्रद्धालुओं की सुविधा और मंदिर परिसर के आसपास भीड़ कम करने के लिए शीघ्र दर्शन और प्रोटोकॉल टिकट काउंटर को मंदिर क्षेत्र से हटाकर ब्रह्मपुरी पार्किंग में स्थानांतरित कर दिया गया है। इससे श्रद्धालु वाहन पार्क करने के बाद वहीं से टिकट लेकर सीधे निर्धारित दर्शन मार्ग की ओर जा सकेंगे।
प्रशासन ने क्यों किए ये बदलाव?
सावन के दौरान प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु ओंकारेश्वर पहुंचते हैं। विशेष रूप से सोमवार, शिवरात्रि और अन्य धार्मिक अवसरों पर भीड़ कई गुना बढ़ जाती है। प्रशासन के अनुसार नई व्यवस्था लागू करने के पीछे प्रमुख उद्देश्य हैं-
भीड़ नियंत्रण
श्रद्धालुओं की सुरक्षा
दर्शन प्रक्रिया को व्यवस्थित बनाना
ट्रैफिक जाम से राहत
आपातकालीन सेवाओं के लिए सुगम मार्ग उपलब्ध कराना
ओंकारेश्वर जाने वाले श्रद्धालु इन बातों का रखें ध्यान
शहर के बाहर निर्धारित पार्किंग का ही उपयोग करें।
सामान्य और VIP दर्शन के लिए अलग-अलग रूट का पालन करें।
भीड़ वाले दिनों में अतिरिक्त समय लेकर यात्रा करें।
प्रशासन और पुलिस द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।
शीघ्र दर्शन की योजना है तो टिकट पहले ही प्राप्त करें।