कोलकाता : चुनावी झटके के बाद मैदान में लौट रहे अभिषेक बनर्जी विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस (TMC) को मिली करारी हार के करीब एक महीने बाद पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी एक बार फिर सक्रिय राजनीति में वापसी करते नजर आ रहे हैं। शनिवार से वह चुनाव बाद हिंसा में मारे गए पार्टी कार्यकर्ताओं के परिजनों से मुलाकात शुरू करेंगे। राजनीतिक हलकों में इस दौरे को काफी अहम माना जा रहा है।
सोनारपुर दक्षिण और बेलेघाटा का करेंगे दौरा
तृणमूल सूत्रों के मुताबिक, अभिषेक बनर्जी सबसे पहले सोनारपुर दक्षिण विधानसभा क्षेत्र जाएंगे, जहां वह मृत पार्टी कार्यकर्ता संजू कर्मकार के परिवार से मिलेंगे। इसके बाद वह बेलेघाटा पहुंचकर विश्वजीत पटनायक के परिजनों से मुलाकात करेंगे। माना जा रहा है कि इन बैठकों के जरिए वह संगठन को फिर से मजबूत करने का संदेश दे सकते हैं।
चुनावी नतीजों के बाद कम दिखे सार्वजनिक मंच पर
विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद अभिषेक बनर्जी सार्वजनिक तौर पर काफी कम नजर आए। हालांकि, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास पर हुई महत्वपूर्ण बैठकों में उनकी मौजूदगी रही। इसके अलावा सोशल मीडिया के जरिए उन्होंने NEET पेपर लीक और CBSE परीक्षा में कथित गड़बड़ियों को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा था।
‘डायमंड हार्बर मॉडल’ पर उठे सवाल
फलता उपचुनाव में प्रचार से दूरी बनाए रखने और तृणमूल के चौथे स्थान पर पहुंचने के बाद अभिषेक बनर्जी के चर्चित ‘डायमंड हार्बर मॉडल’ पर सवाल खड़े होने लगे हैं। पार्टी के भीतर भी असंतोष बढ़ता दिख रहा है। कई नेताओं ने नेतृत्व और चुनावी रणनीति तैयार करने वाली आई-पैक (I-PAC) की भूमिका पर खुलकर सवाल उठाए हैं।
पार्टी के भीतर बढ़ी नाराजगी
बेलेघाटा से विधायक कुणाल घोष ने भी अभिषेक के चुनावी मैदान में सक्रिय नहीं होने को लेकर नाराजगी जाहिर की थी। ऐसे में शनिवार का दौरा पार्टी के लिए राजनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सुरक्षा में कटौती के बाद यह पहला मौका होगा, जब अभिषेक कालीघाट से बाहर किसी राजनीतिक कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे।
अब सबकी नजर अभिषेक के संदेश पर
टीएमसी के ‘सेनापति’ माने जाने वाले अभिषेक बनर्जी इस दौरे के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों को क्या संदेश देते हैं, इस पर राजनीतिक गलियारों की नजर टिकी हुई है। माना जा रहा है कि उनका यह कदम पार्टी संगठन को दोबारा सक्रिय करने की दिशा में बड़ा संकेत साबित हो सकता है।