नई दिल्ली. भीषण गर्मी से जूझ रहे कई राज्यों के लिए अब मौसम राहत के साथ नई परेशानी लेकर आ रहा है। भारतीय मौसम विभाग ने 9 मई को देश के 17 राज्यों में तेज आंधी, भारी बारिश और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार अगले 11 घंटे मौसम के लिहाज से बेहद संवेदनशील रह सकते हैं। कई इलाकों में 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है, जिससे जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
पूर्वी भारत में वज्रपात का बड़ा खतरा
मौसम विभाग ने विशेष रूप से बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पूर्वी उत्तर प्रदेश के लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। इन क्षेत्रों में तेज गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ सकती हैं। विभाग ने ग्रामीण इलाकों और खुले मैदानों में काम करने वाले लोगों से विशेष सावधानी बरतने को कहा है। किसानों को भी खेतों में जाने से पहले मौसम की ताजा जानकारी लेने की सलाह दी गई है।
उत्तर भारत और पहाड़ी राज्यों पर भी असर
उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के कई हिस्सों में भी मौसम बिगड़ने की संभावना जताई गई है। पहाड़ी क्षेत्रों में तेज बारिश के साथ भूस्खलन और सड़क बाधित होने का खतरा बढ़ सकता है। मौसम विभाग ने यात्रियों और पर्यटकों से मौसम अपडेट देखकर ही यात्रा की योजना बनाने को कहा है। अचानक मौसम खराब होने से पहाड़ी मार्गों पर फंसने की स्थिति बन सकती है।
पश्चिमी विक्षोभ बना बड़ी वजह
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार वर्तमान स्थिति के पीछे पश्चिमी विक्षोभ सबसे बड़ा कारण है। उत्तर-पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उससे सटे उत्तराखंड के ऊपर मध्य क्षोभमंडल स्तर पर चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है। इसके अलावा दक्षिण-पश्चिमी उत्तर प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में ऊपरी हवा का चक्रवाती दबाव बना हुआ है। यही सिस्टम पूरे उत्तर और पूर्वी भारत में अस्थिर मौसम पैदा कर रहा है।
किसानों की बढ़ी चिंता
तेज बारिश और तूफानी हवाओं का असर किसानों की फसलों पर भी पड़ सकता है। कई राज्यों में गेहूं और अन्य फसलों की कटाई का काम जारी है, ऐसे में अचानक बारिश से भारी नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। मौसम विभाग ने किसानों को फसल और कृषि उपकरण सुरक्षित स्थानों पर रखने की सलाह दी है। बागवानी और सब्जी उत्पादकों के लिए भी यह मौसम चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है।
लोगों को सतर्क रहने की सलाह
प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों से गैरजरूरी यात्रा से बचने, खुले स्थानों पर खड़े न रहने और बिजली चमकने के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है। तेज हवा के कारण पेड़ गिरने, बिजली बाधित होने और यातायात प्रभावित होने की भी संभावना है। कई राज्यों में आपदा प्रबंधन टीमों को अलर्ट मोड पर रखा गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।