देश के कई राज्यों में मानसून का असर अलग-अलग रूप में देखने को मिल रहा है। उत्तर प्रदेश में मौसम विभाग ने सभी 75 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं अरुणाचल प्रदेश में लगातार बारिश के कारण बाढ़ और भूस्खलन की स्थिति गंभीर बनी हुई है। दूसरी ओर राजस्थान में अब तक सामान्य से 21 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।
यूपी के सभी जिलों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने लखनऊ, कानपुर, बाराबंकी समेत उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों में बारिश की संभावना जताई है। वाराणसी में गंगा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने के कारण गंगा आरती का स्थान अस्थायी रूप से बदलना पड़ा है। वहीं झांसी में महज 15 मिनट की बारिश के बाद तापमान में करीब 7 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली।
मध्यप्रदेश के 44 जिलों में भी बारिश की चेतावनी
मध्यप्रदेश में भी मानसून फिर सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग ने भोपाल, इंदौर समेत 44 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र के प्रभाव से प्रदेश के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक अच्छी बारिश होने की संभावना है।
राजस्थान में अब भी कमजोर है मानसून
राजस्थान में मानसून की रफ्तार फिलहाल धीमी बनी हुई है। राज्य में इस सीजन अब तक सामान्य से 21 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज की गई है। हालांकि मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में मौसम प्रणाली सक्रिय होने से बारिश की गतिविधियों में तेजी आ सकती है।
बंगाल की खाड़ी का सिस्टम बढ़ाएगा बारिश
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में सक्रिय लो प्रेशर एरिया और राजस्थान के ऊपर बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन के कारण आगामी दिनों में कई राज्यों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। इसका असर उत्तर भारत और मध्य भारत के कई हिस्सों में देखने को मिलेगा।
अरुणाचल प्रदेश में बाढ़ और भूस्खलन से हालात गंभीर
अरुणाचल प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते बाढ़ और भूस्खलन की स्थिति बनी हुई है। पिछले 24 घंटों के दौरान अपर सुबनसिरी जिले के गिबा, निलिंग, चेतम और दापोरिजो सर्किल के 35 गांव फ्लैश फ्लड और लैंडस्लाइड से प्रभावित हुए हैं।राज्य में बाढ़ से प्रभावित लोगों की संख्या बढ़कर 1,13,674 पहुंच गई है। प्रशासन राहत एवं बचाव कार्यों में जुटा हुआ है और प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखी जा रही है।